संतकबीरनगर। लोकसभा चुनाव के चलते कबीरा-बखिरा विशेष प्राधिकरण बनाने का मामला अटक गया था। अब चुनाव बीत गया है। ऐसे में अब कबीर-बखिरा विशेष प्राधिकरण (केबी साडा) की मंजूरी की उम्मीद जग गई है। इसके बनने से जिले का व्यवस्थित विकास होगा। नई काॅलोनियां विकसित होंगी तो उद्योग भी स्थापित होंगे। इसके साथ ही विकास के अन्य काम होंगे। लोगों को रोजगार के अवसर मिलेंगे।
जिला प्रशासन ने शहर और आस-पास के क्षेत्रों जिसमें मगहर कबीर स्थली और बखिरा क्षेत्र के विकास को ध्यान में रखकर कबीरा- बखिरा विशेष प्राधिकरण का प्रस्ताव शासन को करीब छह माह पूर्व भेजा था, जिसकी विभागीय मंजूरी मिल गई, लेकिन अभी कैबिनेट और राज्यपाल की मंजूरी मिलनी बाकी है। इस बीच लोकसभा चुनाव की घोषणा होने के बाद आदर्श आचार संहिता लागू हो गई, जिसके कारण कबीरा- बखिरा विशेष प्राधिकरण बनाने की आगे की कार्रवाई ठप पड़ गई। अब लोकसभा चुनाव समाप्त होने के बाद एक बार फिर लोगों को उम्मीद जगी है कि जल्द ही केबी साडा की मंजूरी मिलेगी।
केबी साडा बनने से तेजी से होगा विकास
केबी साडा बनने से बखिरा और मगहर क्षेत्र के साथ ही जिला मुख्यालय का विकास तेजी से होने की संभावना है। विशेष प्राधिकरण बनने के बाद जहां पर भी सरकारी भूमि होगी, उसे चिन्हित किया जाएगा। साथ ही इन जमीनों पर नई काॅलोनियों को बसाने के साथ ही उद्योग आदि लगाए जाएंगे। इससे इन क्षेत्रों में होटल, ढांबा, रेस्टाेरेंट आदि भी खुलेंगे। इससे लोगों को रोजगार के अवसर मिलेंगे। साथ ही बेरोजगारों का पलायन भी रुकेगा। मगहर निवासी अश्वनी कुमार, पवन कुमार आदि का कहना है कि केबी साडा से काफी उम्मीदें हैं। वैसे भी मगहर का विकास हो रहा है, इससे विकास में तेजी आएगी। सभी को लाभ मिलेगा।
लोकसभा चुनाव समाप्त हो गया है। अब पूरा ध्यान विकास के कार्यों पर रहेगा। इसमें केबी साडा भी शामिल है। पूरा प्रयास होगा कि जल्द से जल्द इसकी मंजूरी मिल जाए। इसके बाद विकास के कार्य कराए जाएंगे।
महेंद्र सिंह तंवर, डीएम