सेमरियावां। जल संरक्षण और पर्यावरण संवर्धन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मेरा तालाब-मेरी जिम्मेदारी अभियान के तहत प्लास्टिक मुक्त मॉडल तालाब विकसित किए जाएंगे। प्रथम चरण में सभी तहसीलों से चयनित तालाबों को मॉडल के रूप में तैयार किया जाना है। जिनकी तर्ज पर अन्य तालाबों का भी विकास किया जाएगा।
पहले ब्लाॅक से सिर्फ एक तालाब का चयन कर माॅडल तालाब के रूप में विकसित किया जाना है।माॅडल तालाब के लिए सेमरियावां ब्लाॅक के सेहुड़ा गांव के तालाब का चयन किया गया है। इसी के तर्ज पर अन्य गांव में तालाब को प्लास्टिक मुक्त किया जाएगा।
सेमरियावां ब्लाॅक में 113 ग्राम पंचायत हैं। इन गांवों में करीब 29 तालाबों का अमृत योजना के तहत सुंदरीकरण हुआ है, लेकिन अब नई योजना स्वच्छ भारत मिशन के तहत संचालित की जा रही है। योजना के अंतर्गत चयनित गांवों के तालाबों के आसपास के क्षेत्र को नो प्लास्टिक जोन घोषित किया जाएगा।
तालाबों में प्लास्टिक कचरे के प्रवेश को रोकने के लिए सिल्ट कैचर लगाए जाएंगे। इससे जल स्रोतों की स्वच्छता बनी रहेगी और भू-जल स्तर में सुधार के साथ वर्षा जल संचयन को भी बढ़ावा मिलेगा। इसके अलावा सिंचाई, पशुपालन और पौधरोपण के लिए जल उपलब्धता सुनिश्चित करने में भी मदद मिलेगी।
अभियान के तहत ग्रामीणों को स्वच्छता, जल संरक्षण और पर्यावरण सुरक्षा के प्रति जागरूक किया जाएगा। ग्रे-वॉटर को सीधे तालाब में छोड़ने के बजाय रीड-बेड और बायो-फिल्टर प्रणाली से उपचारित किया जाएगा।
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जल का होगा शुद्धिकरण
सेमरियावां। ग्रे-वॉटर के शोधन के लिए नालियों के अंतिम छोर पर रीड-बेड एवं बायो-फिल्टर सिस्टम विकसित किया जाएगा। इस प्रक्रिया में कंकड़ और रेत का उपयोग किया जाएगा जबकि वेटीवर (खस), नरकट, केली और केना जैसे पौधे लगाए जाएंगे। ये पौधे पानी में मौजूद अशुद्धियों को प्राकृतिक रूप से कम करने में सहायक होंगे। उपचार के बाद साफ पानी तालाब में प्रवाहित किया जाएगा। संवाद
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तालाब चयन के लिए यह रहा मानक
सेमरियावां। मॉडल तालाबों के चयन के लिए कई मानदंड निर्धारित किए गए हैं। ग्राम पंचायत की ग्राम निधि में पर्याप्त धनराशि उपलब्ध होना आवश्यक होगा, ताकि विकास कार्य निर्बाध रूप से पूरे किए जा सकें। साथ ही ऐसे तालाबों को प्राथमिकता दी जाएगी, जो किसी प्रकार के विवाद से मुक्त हों। संवाद
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स्वच्छ भारत मिशन के तहत तालाबों को प्लास्टिक मुक्त बनाया जाएगा। प्रथम चरण में इसके लिए सर्वे कर सेहुड़ा गांव में तालाब का चयन किया गया है। इसको माडल तालाब के रूप में तैयार किया जाना है। इसी के तर्ज पर अन्य गांव में तालाब का सुंदरीकरण होगा। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर जल्द ही कार्य शुरू कराया जाएगा।
-राधेश्याम चौधरी, एडीओ पंचायत, सेमरियावां