संतकबीरनगर। विद्युत निगमों के निजीकरण के विरोध में शनिवार को बिजली कर्मियों ने अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर धरना दिया। इस दौरान बिजली कर्मियों ने लोकसभा के बजट सत्र में इलेक्ट्रिसिटी अमेंडमेंट विधेयक पेश होने की संभावना जताई और चेताया कि यदि विधेयक पेश किया गया तो बिजली कर्मी हर स्तर पर विरोध करेंगे।
विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के पदाधिकारी विजय कुमार ने कहा कि आम बजट पर बिजली कर्मियों की नजर बनी हुई है। यदि बिजली के निजीकरण और इलेक्ट्रिसिटी अमेंडमेंट विधेयक को आगे बढ़ाने की घोषणा की गई तो बिजली कर्मी चुप नहीं बैठेंगे और हर स्तर पर विरोध करेंगे। संघर्ष समिति के पदाधिकारी अशोक कुमार ने कहा कि निजीकरण उपभोक्ताओं व कर्मचारियों के हित में नहीं है। इसे तत्काल वापस लिया जाना चाहिए। संघर्ष समिति के पदाधिकारी भास्कर पांडेय ने कहा कि बिजली कर्मी यह उम्मीद करते हैं कि आम बजट में बिजली क्षेत्र को व्यापक जनहित में सार्वजनिक क्षेत्र में ही बनाए रखा जाएगा। यदि बजट में निजीकरण या इलेक्ट्रिसिटी अमेंडमेंट विधेयक से संबंधित कोई भी प्रस्ताव सामने आता है, तो बिजली कर्मियों सड़क पर उतरकर विरोध करेंगे।
धरना में इंजीनियर मुकेश गुप्ता, श्रवण प्रजापति, सूरज प्रजापति, नारायण चंद्र चौरसिया, रंजन कुमार, आशीष कुमार, मनोज यादव, सुनील प्रजापति आदि मौजूद रहे।