निजीकरण के विरोध में प्रदर्शन करते बिजली कर्मी-संवाद
संतकबीरनगर। बिजली निगमों के निजीकरण के विरोध में मंगलवार को बिजली कर्मियों ने अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर धरना दिया। इस दौरान बिजली कर्मियों ने आरोप लगाया कि साजिश के तहत 45 प्रतिशत संविदा कर्मियों की छंटनी की जा रही है। इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के पदाधिकारी इंजीनियर मुकेश गुप्ता ने आरोप लगाया कि पावर कॉरपोरेशन प्रबंधन ने निजीकरण के लिए तय मानकों के विपरीत प्रदेश भर में लगभग 45 प्रतिशत तक संविदा कर्मियों की बड़े पैमाने पर छंटनी शुरू कर दी है। संविदा कर्मियों को इस तरह हटाए जाने से प्रदेश की बिजली व्यवस्था गंभीर रूप से लड़खड़ा सकती है। इससे आम जन को कठिनाइयों का सामना करना पड़ेगा। संघर्ष समिति के पदाधिकारी वीरेंद्र मौर्य ने कहा कि संविदा कर्मियों को हटाने की प्रक्रिया की जा रही है। इसका हर स्तर पर विरोध किया जाएगा।
धरना में धीरेंद्र यादव, संतोष गुप्ता, इंजीनियर अनंत, भागीरथी प्रसाद , दुर्गा प्रसाद, अमरनाथ यादव, दिलीप सिंह, अशोक कुमार, आशीष कुमार, भास्कर पांडेय, मनोज यादव, आर्यन कुमार , नारायण चंद्र चौरसिया, सूरज प्रजापति, सुनील प्रजापति आदि मौजूद रहे।