111 अभिभावकों के खाते में नहीं पहुंची डीबीटी की रकम
सीएम की टीम द्वारा लिए गए फीड बैक में हुआ खुलासा
- परिषदीय स्कूलों के छात्रों के अभिभावकों के खाते में जानी है डीबीटी की रकम
- सीएम कार्यालय ने 1064 छात्रों के अभिभावकों से फोन पर की पूछताछ
पुनीत कुमार मिश्र
संतकबीरनगर। जिले के परिषदीय विद्यालयों में चल रही डीबीटी योजना का फीड बैक सीएम कार्यालय की टीम ने लिया है। जिले के 1064 छात्रों के अभिभावकों से टीम ने जानकारी ली। 111 अभिभावकों ने बताया कि उनके खाते में रकम नहीं पहुंची है। सीएम कार्यालय ने जिनके खाते में रकम नहीं पहुंची है, उनका फिर से सत्यापन कराने का निर्देश दिया है, जिसके बाद विभाग में हड़कंप मचा हुआ है।
जिले के परिषदीय विद्यालयों के 1,64,481 छात्रों के अभिभावकों के खाते में जूते, मोजे, बैग, ड्रेस और स्वेटर की खरीदारी के लिए प्रति छात्र 1100 रुपये की रकम डीबीटी के माध्यम से भेजी जानी थी। इसका शुभारंभ सीएम ने छह नवंबर को किया था। उस दिन 75 हजार अभिभावकाें के खाते में रकम भेजी गई थी। उसके बाद शेष अभिभावकों के खाते में रकम गई। यह मुख्यमंत्री की महत्वाकांक्षी योजना है, जिसके बाद सीएम कार्यालय की टीम ने छात्रों के अभिभावकों से फीड बैक लेना शुरू किया। संतकबीरनगर जिले के 1064 छात्रों के अभिभावकों से बातचीत की, जिसमें से 111 अभिभावकों ने बताया कि खाते में रकम नहीं पहुंची है। इसके साथ ही पांच अभिभावकों ने बताया कि डीबीटी की रकम अन्य कार्यों में खर्च हो गए हैं। 19 अभिभावकों ने बताया कि जूते, मोजे, बैग, ड्रेस और स्वेटर की खरीदारी के लिए रकम कम पड़ रही है। बेसिक शिक्षा निदेशक डॉ. सर्वेंद्र विक्रम बहादुर सिंह ने मुख्यमंत्री कार्यालय से लिए गए फीड बैक में जिन छात्रों के अभिभावकों के खाते में रकम नहीं पहुंची है तो उनका फिर से सत्यापन कराकर रकम भेजे जाने की कार्रवाई सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया है। इसके साथ ही ब्लॉकों पर नोडल अफसर तैनात कर बैंक से संपर्क कर जो दिक्कतें आ रही हैं, उसे दूर करने का निर्देश दिया है। बीएसए दिनेश कुमार ने बताया कि जिन अभिभावकों के खाते में रकम नहीं गई है, उसका सत्यापन कराकर रिपोर्ट मुख्यालय भेजी जाएगी। वहीं से रकम खाते में हस्तांतरित की जाएगी। संवाद
दो बीईओ से मांगा गया स्पष्टीकरण
संतकबीरनगर। डीबीटी योजना में लापरवाही मिलने पर अपर शिक्षा निदेशक बेसिक ललिता प्रदीप ने जिले के बेलहर और बघौली ब्लॉक के बीईओ से स्पष्टीकरण तलब किया है। उन्होंने कहा है कि जिले के दो ब्लॉकों की स्थिति डीबीटी योजना में संतोषजनक नहीं है। इस कार्य में बीईओ द्वारा रुचि नहीं ली जा रही है। उन्होंने बीएसए से दोनों बीईओ से स्पष्टीकरण लेकर एक सप्ताह में लखनऊ कार्यालय भेजने का निर्देश दिया है।