संतकबीरनगर। अपर सत्र न्यायाधीश विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट कृष्ण कुमार पंचम की अदालत ने नाबालिग लड़की को बहला फुसलाकर ले जाने शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने के दोषी इम्तियाज को दस वर्ष सश्रम कारावास व दस हजार रुपये अर्थ दंड से दंडित किया है। अर्थ दंड अदा न करने पर दोषी को एक वर्ष अतिरिक्त साधारण कारावास की सजा भुगतनी पड़ेगी।
पीड़िता के पिता ने थाना धनघटा में तहरीर दिया और आरोप लगाया कि 3 जुलाई 2017 दिन सोमवार समय लगभग 4:30 बजे शाम को दो बहनें उसकी नाबालिग बेटी को बहला फुसलाकर अपने घर ले गईं तथा वहा से किसी अज्ञात के साथ शनिचरा बाजार सामान खरीदने के बहाने ले गईं और अपने बड़े भाई के साथ भगा दिया। घर में उसके पत्नी के बक्से का ताला टूटा हुआ मिला और उसमें रखा हुआ 20 हजार रुपये नगद व लगभग डेढ़ लाख रुपये का जेवर गायब था। मामले में थाना धनघटा में केस दर्ज हुआ। विवेचक ने विवेचना के उपरांत आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया।
अपर सत्र न्यायाधीश विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट कृष्ण कुमार पंचम की अदालत में अभियोजन पक्ष ने वादी मुकदमा सहित सात गवाहों को न्यायालय में परीक्षित कराया तथा अभिलेखीय साक्ष्य भी प्रस्तुत किया।
अपर सत्र न्यायाधीश विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट कृष्ण कुमार पंचम की अदालत ने सोमवार को मामले में पक्षों की बहस सुनने पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्य के आधार पर शादी का झांसा देकर बहला फुसला कर ले जाने व दुष्कर्म करने का दोषी पाए जाने पर थाना धनघटा अंतर्गत ग्राम के दोषी इम्तियाज को 10 वर्ष सश्रम कारावास व दस हजार रुपये अर्थ दंड से दंडित किया।