धनघटा तहसील में अपनी मांगो को लेकर धरना देते अधिवक्ता।
धनघटा। उपनिबंधक कार्यालय धनघटा के भवन निर्माण को लेकर अधिवक्ताओं का विरोध थमने का नाम नही ले रहा है। पिछले दिनों मुख्यालय पर आयोजित धरना प्रदर्शन के बीच डीएम से हुई बातचीत का अभी तक कोई निष्कर्ष नहीं निकल पाया है। दूसरी तरफ धनघटा तहसील परिसर में चल रहे धरना से मुकदमों के निस्तारण में समस्या आ रही है।
इस गतिरोध को देखते हुए एसडीएम धनघटा ने अधिवक्ताओं से बातचीत की। इस दौरान एसडीएम ने अधिवक्ताओं से कहा कि वह न्यायालय में पहुंचकर मुकदमों के निस्तारण में सहयोग करें।
बुधवार को धरने पर बैठे अधिवक्ताओं ने जमकर नारेबाजी की। तहसील बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष लाल शरण सिंह और प्रभुनाथ यादव ने कहा कि उपनिबंधक कार्यालय भवन निर्माण को लेकर अब भी जिम्मेदार अधिकारी खामोश बैठे हैं। कानून की दृष्टि से न्यायसंगत फैसला लेने में जिम्मेदार अधिकारी रुचि नहीं दिखा रहे हैं।
अगर समय पर अधिवक्ताओं की न्यायोचित मांग पर अमल होता तो इतने लंबे समय से तहसील में धरना की नौबत नहीं आती। वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने कहा कि डीएम से बातचीत के बाद कुछ उम्मीद बंधी है। लेकिन, जब तक मांग पर अमल शुरू नहीं कर दिया जाता, तब तक धरना प्रदर्शन अनवरत जारी रहेगा।
इस मौके पर अधिवक्ता प्रेम नारायण मिश्र, हनुमान प्रसाद, दिलीप तिवारी, सुनील पांडेय, सुरेंद्र सिंह, शांता श्रीवास्तव, विजय लाल श्रीवास्तव आदि लोग मौजूद रहे।ा