मेंहदावल। बीआरसी सभागार में चल रहे एफएलएन प्रशिक्षण के चौथे दिन शनिवार को शिक्षकों को गणित और भाषा शिक्षण में प्रिंट-समृद्ध सामग्री और मोबाइल एप के उपयोग की जानकारी दी गई। प्रशिक्षण के दौरान शिक्षकों को बच्चों को प्रभावी ढंग से पढ़ाने और सीखने में मदद करने के लिए आवश्यक कौशल और ज्ञान प्रदान किया गया।
प्रशिक्षक अनूप कुमार सिंह और प्रफुल्ल त्रिपाठी ने बताया कि प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य बच्चों में मूलभूत साक्षरता और संख्या ज्ञान विकसित करना है। इसके माध्यम से बच्चे पढ़ने, लिखने, बोलने और व्याख्या करने में सक्षम होंगे। साथ ही दैनिक जीवन की समस्याओं को हल करने में मूलभूत संख्यात्मक विधियों का उपयोग कर सकेंगे।
प्रशिक्षण में शिक्षकों को कक्षा में उपयोग के लिए प्रिंट-समृद्ध सामग्री, जैसे चार्ट, पोस्टर और अन्य दृश्य-श्रव्य सामग्री के प्रयोग का अभ्यास कराया गया। गणित और भाषा शिक्षण को प्रभावी बनाने के लिए विभिन्न मोबाइल एप के उपयोग की जानकारी भी दी गई। शिक्षकों को संख्या अवधारणाओं को समझाने और बच्चों में भाषा कौशल विकसित करने की विधियां बताई गईं। भाषा और गणित के उपचारात्मक शिक्षण के लिए सप्ताहवार गतिविधियों का विभाजन भी समझाया गया।
प्रशिक्षक सर्वेश त्रिपाठी और निशांत त्रिपाठी ने शिक्षकों को उपचारात्मक शिक्षण विधियों की जानकारी दी। बताया कि इन विधियों के माध्यम से सीखने में कठिनाई वाले बच्चों को उनकी जरूरत के अनुसार अतिरिक्त सहायता दी जा सकती है। शिक्षकों को शिक्षक संदर्शिकाओं के अनुसार शिक्षण विधियों का प्रयोग करने का प्रशिक्षण भी दिया गया।