धनघटा। शुक्रवार को क्षेत्र के अलग-अलग स्थानों पर लगी आग से 100 बीघा गेहूं की फसल जलकर राख हो गई। आग को बुझाने के लिए दमकल कर्मी इधर-उधर भाग दौड़ करते नजर आए। आग पर काबू पाने के लिए गांव के लोग भी जूझते रहे। एक स्थान पर लगी आग को बुझाने के लिए क्षेत्रीय विधायक भी हाथ में बास का टुकड़ा लिए दौड़ते नजर आए।
क्षेत्र के चपरा पूर्वी गांव के सिवान में एक किसान ट्रैक्टर से गेहूं की मडाई कर रहे थे। बताया जा रहा है कि थ्रेसर और ट्रैक्टर से निकली चिंगारी गेहूं के फसल को पकड़ ली। जिससे चपरा पूर्वी गांव के रहने वाले रामलखन, कुंअर सिंह, बाबूराम, चंद्रशेखर, सुंदर, हरिश्चंद्र, सुनील, पप्पू, लालजी, मातादीन, राम अवतार, संजय, झिनकू, भुनेश आदि की गेहूं की फसल जल गई। आग को बुझाने के लिए दमकल कर्मी और गांव के लोग कड़ी मशक्कत किए तब जाकर किसी तरह आग पर काबू पाया जा सका।
दूसरी घटना तामा गांव में घटी। जहां अज्ञात कारणों से लगी आग से दूरविजय राय, रामदरस राय, भोला गुप्ता, गोपाल गुप्ता, राजेंद्र राय, राजेश, झिनकू, रविंदर, धर्मेंद्र, प्रकाश राय, मनिंदर राय, ओंकार राय आदि की फसल आग की भेंट चढ़ गई। तामा में आग बुझाने के लिए क्षेत्रीय विधायक गणेश चंद्र चौहान ग्रामीणों के साथ मेहनत करते नजर आए।
तहसीलदार योगेंद्र पांडेय का कहना है कि दोनों स्थानों पर हुई आगलगी की घटना का आंकलन कराया जा रहा है। आकलन के बाद लेखपालों के रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने गेहूं की कटाई और मडाई के समय किसानों से सावधानी बरतने की अपील की।