संतकबीरनगर। डीएम आलोक कुमार ने शनिवार को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बघौली, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सांथा लोहरसन व एएनएम उप केंद्र बखिरा का निरीक्षण किया। बघौली में तीन चिकित्सक समेत सात स्वास्थ्य कर्मी अनुपस्थित मिले। इन सभी का एक दिन का वेतन रोकने के निर्देश दिए। साथ ही अन्य केंद्रों पर मिली कमियों को दूर कराने के लिए सीएमओ काे निर्देशित किया।
डीएम सबसे पहले पीएचसी बघौली पहुचे। उपस्थिति पंजिका में डॉ. कमलेश चंद्र, डॉ. सलोनी सिंह, डॉ. सोनी सिंह, आशीष विश्वकर्मा, रवि शंकर यादव, प्रशांत कुमार, समसा खातून अनुपस्थित पाई गईं। जबकि डॉ. विवेक श्रीवास्तव का अवकाश पत्र रजिस्टर में मिला। मौके पर संजू गुप्ता व विक्रम उपस्थित मिले। डीएम ने अनुपस्थित चिकित्सकों व कर्मचारियों का एक दिन का वेतन रोकने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान हेल्थ एटीएम स्टार्ट नहीं होने पर नाराजगी जताई।
डीएम ने लेबर रूम, दवाओं की उपलब्धता, एंटी रेबीज इंजेक्शन की उपलब्धता आदि के संबंध में जानकारी ली। एएनएम उप केंद्र बखिरा के निरीक्षण के दौरान प्रसव कराया जा रहा था। साफ-सफाई की कमी पाई गई। डीएम ने संबंधित चिकित्सक को हिदायत दी। एएनएम सेंटर से पीएचसी को जोड़ने के लिए रास्ता बनाने के लिए डीएम ने सीएमओ को निर्देशित किया।
डीएम ने सामुदायिक स्वास्थ केंद्र सांथा लोहरसन का निरीक्षण किया। शौचालय में गंदगी पाए जाने पर डीएम नाराज हुए। मरीजों से बातचीत कर दवाएं मिलने और डॉक्टर के व्यवहार का फीडबैक लिया।
डीएम ने उपस्थिति पंजिका, तौल मशीन, जन औषधि केंद्र में दवा का रजिस्टर, दवा की उपलब्धता, नसबंदी के भुगतान आदि का जायजा लिया। सीएचसी सांथा में में मुफ्त दवाओं की उपलब्धता के बावजूद मरीजों को जन औषधि केंद्र की दवाएं लिखने को गंभीरता से लेते हुए सीएमओ को जांच कर स्थिति स्पष्ट करने के लिए निर्देशित किया। इस दौरान सीएमओ डॉ. रामानुज कन्नौजिया आदि मौजूद रहे।