- कांवड़ यात्रा : कांटे व टेमा रहमत से भी वाहनों के मार्ग होंगे परिवर्तित, प्रशासन ने कसी कमर
संतकबीरनगर। कांवड़ यात्रा और अयोध्या के श्रावण झूला मेले के दौरान बस्ती-अयोध्या के बीच राष्ट्रीय राजमार्ग पर भारी वाहनों के लिए रूट डायवर्जन लागू कर दिया गया है। कांवड़ियों की बढ़ती आवाजाही को देखते हुए प्रशासन ने यातायात व्यवस्था में बदलाव किया है।
डायवर्जन व्यवस्था के तहत गोरखपुर की ओर से आने वाले भारी वाहनों को मगहर से घघसरा और बखिरा बांसी मार्ग की ओर मोड़ दिया जाएगा। वहीं, खलीलाबाद शहर की ओर आने वाले भारी वाहन मेंहदावल बाईपास चौराहे से डायवर्ट किए जाएंगे ताकि शहर के भीतर वाहनों का दबाव कम रहे और कांवड़ियों की आवाजाही बनी रहे।
प्रशासन के अनुसार यह व्यवस्था बस्ती-अयोध्या हाईवे पर कांवड़ यात्रियों की भारी भीड़ को देखते हुए लागू की गई है। डायवर्जन अवधि के दौरान पुलिस और यातायात विभाग के अधिकारी प्रमुख चौराहों पर तैनात रहेंगे और जरूरत के अनुसार वाहनों का संचालन कराएंगे। वाहन चालकों से निर्धारित मार्गों का पालन करने और पुलिसकर्मियों के निर्देशों का अनुपालन करने की अपील की गई है।
चार स्थानों पर रहेगा रूट डायवर्ट
जिले में सात अगस्त की रात आठ बजे से 11 अगस्त की रात 12 बजे तक विशेष रूट डायवर्जन व्यवस्था लागू रहेगी। कांवड़ियों की सुरक्षित आवाजाही के लिए पुलिस ने जिले के चार प्रमुख स्थानों पर वाहनों का मार्ग परिवर्तित करने का निर्णय लिया है। वहीं, 7 अगस्त शाम चार बजे से राष्ट्रीय राजमार्ग पर भारी वाहनों का संचालन प्रतिबंधित कर दिया है। 8 अगस्त की सुबह आठ बजे से हाईवे पर सभी प्रकार के वाहनों की आवाजाही बंद कर दी जाएगी।
यातायात व्यवस्था के तहत खलीलाबाद से बस्ती की ओर जाने वाले वाहनों को मेंहदावल रोड से बांसी, डुमरियागंज और उतरौला होकर गंतव्य के लिए भेजा जाएगा। इसी तरह मगहर से वाहनों को घघसरा मार्ग की ओर डायवर्ट किया जाएगा।
इसके अलावा टेमा रहमत से गुजरने वाले वाहनों को सेमरियावां मार्ग से निकाला जाएगा। धनघटा थाना क्षेत्र के बिड़हरघाट से गुजरने वाले वाहनों को आवश्यकता पड़ने पर अंबेडकरनगर की ओर डायवर्ट किया जाएगा ताकि राष्ट्रीय राजमार्ग पर कांवड़ियों की आवाजाही प्रभावित न हो।
पुलिस प्रशासन ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे निर्धारित डायवर्जन का पालन करें और यात्रा के दौरान पुलिस व यातायात कर्मियों का सहयोग करें। स्थानीय परिस्थितियों और कांवड़ियों की संख्या के अनुसार यातायात व्यवस्था में आवश्यकतानुसार बदलाव भी किया जा सकता है।
कांवड़ यात्रा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर जिले के प्रमुख मार्गों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है ताकि श्रद्धालुओं और आम नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
अमित कुमार, सीओ यातायात