संतकबीरनगर। जीएसटी विभाग में फर्जी पंजीकरण के आधार पर अवैध रसीदों के सहारे कर जमा करने में खेल करने वाले धंधेबाजों पर नकेल कसने की तैयारी चल रही है। कर अधिकारी फर्जी जीएसटी पंजीकरण का पता लगाने और फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट आईटीसी का दावा कर अनुचित फायदा उठाने वालों पर कार्रवाई की तैयारी कर रहा है।
एडिशनल कमिश्नर राज्य कर विमल राय ने बताया कि ऐसे कई व्यापारी हैं, जो सेवा या उत्पाद का शुल्क दिए बिना ही व्यापार की पूरी रकम को अपने खाते में जमा करा लेते हैं और सरकार के राजस्व को नुकसान पहुंचा रहे हैं। इसे देखते हुए टीम संदिग्ध जीएसटी खातों की पहचान कर फर्जी बिलों को जीएसटी नेटवर्क से बाहर करने के लिए जरूरी कदम उठा रही है। जीएसटी की स्पेशल जांच शाखा एसआईबी टीम गोपनीय तरीकों से इन मामलों की जांच कर रही है। रिपोर्ट के आधार पर आगे कार्रवाई भी की जाएगी।
समाधान स्कीम के व्यापारियों ने नहीं जमा किया कर
शासन ने व्यापारियों के ऊपर कर का दबाव कम करने के लिए समाधान स्कीम चलाई, जिसके तहत व्यापारियों को केवल एक प्रतिशत ही कर जमा करना पड़ता है। बहुत सारे व्यापारी वह कर भी जमा करने में कोताही बरत रहे हैं। जीएसटी विभाग ऐसे व्यापारियों पर कार्रवाई करने की तैयारी में है।