बखिरा। सोमवार की देर रात आई आंधी में बखिरा कस्बे में तीन पोल गिर गए थे। नतीजतन विगत 48 घंटे से कस्बे की बिजली आपूर्ति ठप है। इससे अस्पताल, दुकानदार, वेल्डिंग कारीगर, आटा चक्की, इलेक्ट्रिशियन समेत बिजली आधारित समस्त कारोबार दो दिनों से ठप हैं। बिजली महकमा के गिरे हुए पोल को लगाने में रुचि नहीं लेने से लोग 48 घंटे से अंधेरे में रहने को मजबूर हैं।
नगर पंचायत बखिरा में सोमवार की देर रात आई आंधी में बिजली के तीन पोल गिरने की वजह से कस्बे में बिजली आपूर्ति ठप हो गई है। आंधी की वजह से गिरे पोल से बखिरा कस्बे की बिजली गुल हो गई, जबकि अमरडोभा व लेडुआ-महुआ में अनवरत बिजली आपूर्ति जारी है। बिजली निगम की इस मनमानी की वजह से लोगों में नाराजगी है।
कस्बे के रामनरायन, झिनकू, राजू, नन्दलाल, महेश, घनश्याम ने कहा कि बिजली निगम बखिरा कस्बे के लोगों के साथ सौतेला व्यवहार कर रहा है, जबकि अमरडोभा, लेडुआ-महुआ में आंधी आने के बाद भी निरंतर आपूर्ति दी जा रही है। लोगो का आरोप है कि दो दिन बाद भी गिरे हुए पोल के स्थान पर अभी तक दूसरा पोल नहीं लगाया जा सका है, जबकि इसके बारे में एसडीओ व अधिशासी अभियंता सभी को सूचना दे दी गई है। इसी तरह से झुंगिया रोड पर स्थित एक व्यक्ति के खेत में पोल गिर गया है, जिसे विभाग लगाने के लिए मौके पर पहुंचा, किंतु खेत के मालिक ने खेत में पोल लगाने से ही मना कर दिया। फिलहाल बिजली निगम व खेत मालिक के मध्य तकरार होने से बिजली आपूर्ति बाधित है।
इस संबंध में विद्युत निगम के एसडीओ केएल यादव ने बताया कि कुछ ग्रामीण खेत में गिरे पोल को लगाने में अवरोध उत्पन्न किया जा रहा है। इससे आपूर्ति में दिक्कत आ रही है। समझौता होने के बाद पोल लगाने का कार्य किया जाएगा।