पोखरों के सुंदरीकरण के लिए शासन को भेजा गया है प्रस्ताव
सीढि़यों और बैठने के लिए बेंच व पार्क बनाए जाएंगे
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। शहर बदल रहा है। जहां समय माता मंदिर पोखरे का सुंदरीकरण कराया जा रहा है, वहीं, खलीलाबाद शहर में 25 पोखरे के कायाकल्प की तैयारी हो रही है। इस पर करीब आठ करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसका प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। उम्मीद है कि जल्द ही इसकी स्वीकृति मिल जाएगी। इससे शहरवासियों को कुछ समय गुजारने के लिए बेहतर स्थान मिलेगा और पोखरों की गंदगी भी दूर होगी।
नगर पालिका परिषद क्षेत्र में करीब 25 छोटे-बड़े पोखरे हैं। इन पोखरों की स्थिति काफी दयनीय है। कहीं लोगों के घरों से निकलने वाला गंदी पानी पोखरे में गिर रहा है तो कहीं पोखरों पर अतिक्रमण किया जा रहा है। इससे पोखरे सिकुड़ रहे हैं। ऐसे में पालिका प्रशासन ने इन पोखरों के कायाकल्य की तैयारी शुरू कर दिया है। इसके लिए शासन को प्रस्ताव बनाकर भेजा गया है। प्रत्येक पोखरे के कायाकल्य पर करीब 30 से 35 लाख खर्च होने का अनुमान है। इस प्रकार इस पर करीब आठ करोड़ रुपये खर्च होंगे।
जो कार्य योजना बनी है, उसके मुताबिक, पोखरे के चारों तरफ सीढि़यां बनेंगी। लोगों को बैठने के लिए बेंच आदि लगाए जाएंगे। पोखरों को आकर्षक लुक देने के लिए पार्क के रूप में विकसित किया जाएगा। पोखरे में हमेशा स्वच्छ पानी रहे और इसका उपयोग लोग कर सकें, इसके लिए भी व्यवस्था की जाएगी। उम्मीद है कि जल्द ही इसकी स्वीकृति मिल जाएगी। इससे शहर के लोगों को लाभ मिलेगा।
छठ पर्व पर पोखरों के किनारे जुटती है श्रद्धालुओं की भीड़
शहर में पक्का पोखरा, हनुमानगढ़ी पोखरा सहित विभिन्न पोखरों पर छठ पर्व के लिए भीड़ उमड़ती है। जहां लोग पूजा-पाठ के लिए आते हैं। लोगों को दूर न जाना पड़े, ऐसे में सभी पोखरों की तस्वीर बदलने की तैयारी है, ताकि लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
समय माता मंदिर पोखरे का हो रहा सुंदरीकरण
शहर में समय माता मंदिर पोखरे का सुंदरीकरण का कार्य तेजी से कराया जा रहा है। यहां पर सीढि़यों का निर्माण कार्य अंतिम चरण में है। इसके साथ ही यहां बीच में फव्वारा, पार्क और बैठने के लिए बेंच आदि की व्यवस्था भी की जानी है। शहर के निवासी राकेश कुमार, दिलीप कुमार आदि ने कहा कि पोखरों के कायाकल्प से लोगों को काफी लाभ मिलेगा।
जल्द कराया जाएगा पोखरों का कायाकल्प
शहर के पोखरों के कायाकल्प की योजना है। इसका प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा गया है। जल्द ही स्वीकृति मिलने की उम्मीद है। इससे शहरवासियोें को लाभ मिलेगा।
-जगत जायसवाल, चेयरमैन नगर पालिका परिषद खलीलाबाद