संतकबीरनगर। नगर पालिका परिषद की आबादी करीब एक लाख से ऊपर पहुंच गई है, लेकिन पेयजल आपूर्ति का इंतजाम नाकाफी है। इस समस्या को दूर करने के लिए पालिका प्रशासन व जल निगम शहरी ने पहल की है।
इसके तहत अब शहर में पांच मोहल्लों में ओवरहेड टैंक बनाए जाएंगे, ताकि शहर के हर घर तक जलापूर्ति शुरू की जा सके। इससे शहर की एक लाख की आबादी को लाभ मिलेगा। अक्तूबर 2020 में नगर पालिका परिषद की सीमा का विस्तार हुआ। इसमें कसैला, मोहद्दीनपुर, डीघा, मैलानी, सरौली, पटखौली, खटौली, सरैया, बनियाबारी, गौसपुर, उस्का, सादिकगंज, बड़गो आदि शामिल हैं। आबादी बढ़ने के बाद भी पेयजल आपूर्ति की व्यवस्था में सुधार नहीं हो सका। वर्तमान स्थिति यह है कि एक मात्र ओवरहेड टैंक के जरिए 13 वार्डाें में जैसे तैसे पानी की आपूर्ति हो रही है। 12 वार्ड को लोगों को जलापूर्ति से वंचित रह जाना पड़ा है।
इसमें भी जो पुरानी पाइपलाइनें है वह काफी जर्जर हो चुकी है। जिसके कारण आए दिन लीकेज की समस्या उत्पन्न होती है और लोगों के घरों में प्रदूषित पानी की सप्लाई होने लगती है। इस समस्या को दूर करने के लिए नगर पालिका परिषद व जल निगम शहरी ने 100 करोड़ की पेयजल परियोजना बनाई, जिसकी स्वीकृति मिलने के बाद पाइप बिछाने का कार्य चल रहा है।
अब इस योजना के तहत शहर के पांच स्थानों पर ओवरहेड टैंक बनाए जाने की तैयारी चल रही है। इसके लिए स्थान चिह्नित कर लिया गया है। जिसमें शहर के घोरखल में 600 किलो लीटर, मटिहना में 1300 किलो लीटर, बंजरिया-नेदुला के बीच 1400 किलोलीटर, पटखौली में 1700 किलो लीटर और खटौली में 1300 किलो लीटर क्षमता का ओवरहेड टैंक बनाया जाना है। इन ओवरहेड टैंकों के बनने से समूचे शहर में पेयजल आपूर्ति की समस्या दूर होने की उम्मीद है।