धर्मसिंहवा। बीआरसी सांथा पर चल रहे एफएलएन प्रशिक्षण के तृतीय चक्र के प्रथम दिवस निपुण 2.0 को लेकर शिक्षकों को महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। संदर्भदाता एआरपी विजय पांडेय ने प्रतिभागियों के साथ निपुण लक्ष्य के विस्तारीकरण की जानकारी साझा करते हुए बताया कि अब निपुण 2.0 के तहत बाल वाटिका से कक्षा पांच तक के विद्यार्थियों के शैक्षिक विकास पर विशेष जोर दिया जाएगा।
प्रशिक्षण के पांचवें और छठे बैच के प्रथम दिवस एनसीईआरटी द्वारा नवविकसित तथा उत्तर प्रदेश के संदर्भ में स्वीकृत कक्षा चार की पाठ्य पुस्तकों ‘वीणा’ और ‘गणित मेला’ के सभी पाठों पर चर्चा की गई। शिक्षकों को पुस्तकों की विषयवस्तु, शिक्षण पद्धति और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में उनकी उपयोगिता के बारे में जानकारी दी गई।
एआरपी उमाशंकर शुक्ला ने कहा कि नवीनता से परिपूर्ण इन पाठ्य पुस्तकों के माध्यम से विद्यार्थियों का सर्वांगीण विकास होगा। इनमें बच्चों को अपने कर्तव्यों के प्रति जागरूक करने के साथ ही उनके बौद्धिक विकास और संवेदनशीलता को बढ़ाने पर भी विशेष ध्यान दिया गया है।
इस अवसर पर संदर्भदाता राकेश सिंह, अनुराग गुप्ता और राघवेंद्र प्रताप के अलावा प्रतिभागी सर्वेश राय, कमलेश त्रिपाठी, शैलेंद्र, विवेक राय आदि मौजूद रहे।