संतकबीरनगर। 15 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के निरक्षरों को चिह्नित करने के लिए सर्वे शुरू हो गया है। नवभारत साक्षरता अभियान के तहत इन्हें साक्षर बनाया जाएगा। जिले में करीब 70 से 75 वालंटियर उल्लास एप के जरिये निरक्षरों को चिह्नित कर रहे हैं। सर्वे के बाद इन्हें विशेष व सरल सामग्री पद्धति से साक्षर बनाया जाएगा
वर्ष 2027 तक सबको साक्षर बनाने के लिए नव साक्षरता अभियान चलाया जा रहा है। इसमें 15 वर्ष या इससे अधिक आयु वाले सभी निरक्षरों को साक्षर बनाया जाएगा। निरक्षरों को चिह्नित कर उन्हें साक्षर बनाने का अभियान चलाया गया। साक्षर बनने के लिए नव साक्षरता परीक्षा भी कराई जाती है। हाल ही सितंबर माह में जनपद में नव साक्षरता की परीक्षा कराई गई थी। अब नव साक्षरता अभियान के तहत एक बार फिर से निरक्षरों को चिह्नित करने के लिए सर्वे का कार्य शुरू कर दिया गया है। सर्वे के बाद इन्हें विशेष व सरल सामग्री पद्धति से लिखना-पढ़ना सिखाया जाएगा। गणित, मात्रा ज्ञान, स्वर परिचय, संयुक्त वर्ण परिचय, हिंदी, आओ बनाएं शब्द, संख्या ज्ञान, गिनती, जोड़-घटाना, गुणा-भाग सिखाया जाएगा। जिला समन्वयक समेकित शिक्षा रजनीश वैद्यनाथ ने बताया कि निरक्षरों को साक्षर बनाने का अभियान चलाया जा रहा है। इसके लिए वालंटियर ने सर्वे प्रक्रिया शुरू कर दी है। उल्लास एप के जरिये निरक्षरों को चिह्नित किया जा रहा है। चिह्नित निरक्षरों को दीक्षा एप के जरिये साक्षर किया जाएगा।