मगहर। कबीर चौरा परिसर स्थित सत्संग भवन के हॉल में रविवार को संस्कृति मंत्रालय भारत सरकार के निर्देशन में दो दिवसीय ब्रज लोकगीत उत्सव का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि कबीर चौरा के महंत विचार दास और विशिष्ट अतिथि डाॅ. सुधांशु अरुणाभ मिश्र ने किया। महंत विचारदास ने कहा कि लोक संगीत को विभिन्न विधा में गाया जाता है। संगीत एक ऐसा माध्यम है जो लोगों के हृदय तक पहुंचता है।
लोक गायन में से एक विधा ब्रज के लोकगीत की भी है। गीत-संगीत के बिना व्यक्ति का जीवन अधूरा माना गया है। विशिष्ट अतिथि डाॅ. सुधांशु अरुणाभ मिश्र ने कहा कि संस्कृति मंत्रालय की ओर से विभिन्न विधा के लोक गीतों को जन-जन तक पहुंचाने का कार्य किया जा रहा है। इसे भारतीय संस्कृति को संजोने में एक सार्थक कदम कहा जा सकता है।