संतकबीरनगर। सर्दी बच्चों को ही नहीं बड़ों को भी परेशान कर रही है। नमी के चलते कान में दर्द के साथ संक्रमण भी हो रहा है। संक्रमण होने से कान के परदे में छेद होने का डर रहता है। जिला अस्पताल में ऐसे लगभग 40 से 50 मरीज प्रतिदिन इलाज के लिए पहुंच रहे हैं। चिकित्सकों के मुताबिक ठंड में जुकाम में लोगों की नाक बहती है। कान के बीच स्थित यूस्टेकियन ट्यूब में नाक से पानी चला जाता है, जिसके कारण कान के मध्य में संक्रमण पैदा हो जाता है। जरा सी लापरवाही व्यक्ति को बहरा बना सकता है। सर्दी शुरू हो गई है। बच्चों और बड़ों में सर्दी, खांसी, जुकाम आदि की समस्या होने लगी है। इससे कान का संक्रमण भी बढ़ रहा है।
ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. एमके सिंह ने बताया कि ठंड के मौसम में सर्दी-जुकाम होना आम बात है। जुकाम में मरीजों की नाक बहती है। इस कारण कान के बीच स्थित यूस्टेकियन ट्यूब में नाक से पानी चला जाता है। इस पानी के कारण कान के मध्य में संक्रमण पैदा हो जाता है। कई बार कफ के कारण भी ट्यूब ब्लॉक हो जाता है। ऐसे में कान में संक्रमण होने के साथ ही सुनने की क्षमता भी कम हो जाती है। आगे बताया किइस समय जिला अस्पताल में 40 से 50 मरीज प्रतिदिन कान में दर्द व संक्रमण के आ रहे हैं। संक्रमण होने से कान के परदे में छेद होने का डर रहता है। बताया कि कान में संक्रमण के कारण दर्द होना सबसे पहला लक्षण होता है।