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एमडीएम में हेराफेरी, पांच का वेतन रोका

Sat, 20 May 2017 11:13 PM IST
संतकबीरनगर/ अमर उजाला ब्यूरो
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 परिषदीय स्कूलों में बच्चों को दिए जाने वाले एमडीएम के भोजन में छात्र संख्या में लगातार हेराफेरी की जा रही है। यह मामला लगातार पकड़ में आ रहा है, फिर भी विभाग इस पर अंकुश लगाने में विफल साबित हो रहा है। ऐसा ही मामला हैंसर और बघौली ब्लॉक के खंड शिक्षा अधिकारियों की जांच में सामने आया है। खंड शिक्षा अधिकारियों की रिपोर्ट पर बीएसए ने तीन हेडमास्टर समेत पांच शिक्षकों का वेतन रोक दिया है वही एक हेडमास्टर को प्रतिकूल प्रविष्टि दी है। 
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 बीएसए प्रफुल्ल कुमार त्रिपाठी ने बताया कि बीईओ हैंसर ने रिपोर्ट दी है कि प्राथमिक विद्यालय बड़गो का तीन मई को निरीक्षण किया तो वहा पर 84 छात्रो के सापेेक्ष मात्र 18 छात्र मौके पर मिले जबकि एमडीएम में संख्या 50 दर्ज थी। इससे यह स्पष्ट होता है कि एमडीएम पंजिका में कूटरचना की जा रही है। प्रधानाध्यापक सूर्य प्रकाश राय को वेतन रोक दिया गया है। उच्च प्राथमिक विद्यालय बड़गो पर नामांकित 51 छात्रों में से 14 उपस्थित मिले। जबकि एमडीएम में 30 संख्या दर्शायी गई थी। यहां पर एमडीएम पंजिका में कूटरचना हुई थी। प्रधानाध्यापक विक्रम प्रताप सिंह का वेतन रोक दिया है। वही एक अन्य शिक्षक विनोद कुमार बिना अवकाश के गायब थे। उनका एक दिन का वेतन काटने का निर्देश दिया है। उच्च प्राथमिक विद्यालय बभनवली पर 270 के सापेक्ष मात्र 22 छात्र मौजूद रहे। जबकि एमडीएम पंजिका में 106 छात्रों को लाभान्वित किया गया था। यहा पर भी कूटरचना की गई थी। प्रधानाध्यापक विनोद कुमार मिश्र का वेतन रोक दिया है। प्राथमिक विद्यालय रमजंगला पर सहायक अध्यापक आशुतोष त्रिपाठी अनुपस्थित थे। उनका वेतन रोक दिया है। प्राथमिक विद्यालय चपरा पूर्वी पर प्रधानाध्यापक संतोष कुमार हस्ताक्षर बनाकर गायब थे। उनका एक दिन का वेतन काट दिया है। इसी तरह से बघौली बीईओ की रिपोर्ट के अनुसार प्राथमिक विद्यालय जामडीह का निरीक्षण 28 अप्रैल को हुुुआ था। जहा पर सहायक अध्यापक शाहजहां खातून अनुपस्थित थी। उनका वेतन रोका है। वही विद्यालय पर भारी अनियमितता मिलने पर प्रभारी प्रधानाध्यापक भीमलता को प्रतिकूल प्रविष्टि देने का निर्देश दिया है। बताया कि सभी से स्पष्टीकरण भी मांगा है। 
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