मातृत्व सुरक्षा सप्ताह का दूसरा चरण 14 अक्टूबर से शुरू हो रहा है। इसकी सफलता के लिए गुरुवार को सीएमओ डॉक्टर आनंद प्रकाश श्रीवास्तव ने स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ बैठक कर आवश्यक दिशा निर्देश दिया।
सीएमओ ने बताया कि मातृत्व सुरक्षा सप्ताह दिवस का शुभारंभ हो रहा है। यह 22 अक्टूबर तक चलेगा। ग्राम स्वास्थ्य एवं पोषण दिवस के दौरान इस प्रयास को और मजबूती प्रदान करने तथा गर्भावस्था के दौरान उचित देखभाल के प्रति जनमानस में बढ़ती जागरूकता को बनाए रखने के लिए मातृत्व सप्ताह का द्वितीय चरण का आयोजन हो रहा है। इस दौरान चिह्नित 17515 गर्भवतियों की जांच होनी है। इसके लिए कुल 1627 टीमें लगाई गई हैं। जिसमें आशा, आंगनबाड़ी और एएनएम शामिल हैं। अगर किसी गर्भवती में गंभीर रूप से कोई लक्षण पाए जाते है तो उसका उपचार महिला चिकित्सालय में किया जाएगा।
पिछले चरण में अपनाए गए प्रयासों के अतिरिक्त मातृत्व सप्ताह के दूसरे चरण को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए सरकार द्वारा कुछ अतिरिक्त भी कार्य किए जा रहे हैं। चार माह तक की प्रत्येक गर्भवती महिला को दवा आदि दी जाएगी। गंभीर रूप से चिह्नित गर्भवतियों को महिला चिकित्सालय में 24 और 25 अक्टूबर को जांच होगी। योजना में 19 अक्टूबर को कार्य स्थगित रहेगा क्योंकि इस दिन करवा चौथ है। बैठक के दौरान डॉक्टर एके सिन्हा, डीपीएम विनीत श्रीवास्तव, राजकुमार, एके वर्मा समेत अन्य मौजूद रहे।