खलीलाबाद बस अड्डे पर खड़ी रोडवेज की बसें । संवाद
संतकबीरनगर। जिले में स्थायी बस डिपो न होने की वजह से लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। रेगुलर यात्रा करने वाले लोगों के लिए मैनुअल एमएसटी (मंथली सीजन टिकट) बंद होने से परेशानी बढ़ गई है। उन्हें स्मार्ट कार्ड बनवाने के लिए गोरखपुर या बस्ती जाना पड़ रहा है। इसकी व्यवस्था स्थानीय स्तर पर करने में निगम नाकाम है।
जनपद गठन के बाद से ही अभी तक स्थायी बस डिपो बनवाने में जिले के नेता व अधिकारी नाकाम रहे हैं। बस डिपो के लिए जमीन का चिह्नांकन हुए भी लगभग एक साल से ज्यादा का समय बीत चुका है। इसके बाद भी अभी तक निर्माण कार्य नही शुरू हो पाया है, जिससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कुछ माह पहले तक रेगुलर यात्रियों का एमएसटी खलीलाबाद से ही बन जाया करता था। कार्ड व रिचार्ज सिस्टम होने के बाद से यहां पर एमएसटी बनना पूर्ण रूप से बंद हो गया है।
यह व्यवस्था सिर्फ गोरखपुर व बस्ती में ही उपलब्ध है। बस डीपो यहां पर न होने के वजह से लोगों को कार्ड बनवाने के लिए गोरखपुर या बस्ती जाने के लिए विवश हो जाना पड़ रहा है। रेगुलर यात्री शशिकला पांडेय, उमाशंकर भट्ट, अभिनव श्रीवास्तव, अभिषेक दूबे, अनन्या भट्ट, आशीष दूबे ने बताया कि खलीलाबाद शहर में एमएसटी मैनुअल आसानी से बन जाता था, तो वह लोग आसानी से एमएसटी बनवाकर अपना सफर कर लेते थे। कार्ड सिस्टम होने के वजह से गोरखपुर या बस्ती जाना पड़ रहा है।