धनघटा। तहसील परिसर धनघटा में तहसील बार एसोसिएशन द्वारा लगातार दो माह से न्यायिक कार्य बहिष्कार को लेकर जिम्मेदार संवेदनहीन बने हुए है। तहसील में न्यायिक कार्य लंबे समय से ठप पड़ा हुआ है। दूसरी तरफ अधिवक्ताओं के दृढ़ निश्चय से धरना प्रदर्शन रुकने का नाम नहीं ले रहा है। विवादित जमीन पर स्वीकृत किया गया भवन निर्माण डीएम के निर्देश के बाद ठप पड़ा है।
वरिष्ठ अधिवक्ता लाल शरण सिंह व प्रेम नारायण सिंह ने कहा कि हमारा संघर्ष लोकतांत्रिक तरीके से चल रहा है। दो माह से चल रहे धरना प्रदर्शन को लेकर जिम्मेदार अधिकारी भी आंख बंद किए हुए है।
अधिवक्ताओं ने बताया कि बृहस्पतिवार को सुनवाई के बाद इस मामले का सुनवाई करके निस्तारण करने कि जिम्मेदारी लखनऊ बेंच को सौंपा है। उपनिबंधक कार्यालय को तहसील परिसर में स्थापित किया जाए। मांग पूरी होने तक यह धरना प्रदर्शन अनवरत जारी रहेगा। अधिवक्ताओं ने कहा कि धरना-प्रदर्शन को लेकर संवेदनहीन सरकार निर्जीव हो गई है।