खलीलाबाद-बलरामपुर- बहराइच रेल मार्ग के लिए 32 गांव में भूमि अधिग्रहण की तैयारी
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। खलीलाबाद- बलरामपुर-बहचाइच रेल मार्ग के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू हो गई है। शुरुआत में पांच गांवों में प्रक्रिया पूरी की गई है। इन गांवों के किसानों को लगभग 50 करोड़ मुआवजा भी बांटा जा चुका है। 32 गांवों में भूमि अधिग्रहण की भी तैयारी चल रही है।
वर्ष 2017 में तत्कालीन रेल मंत्री पीयूष गोयल ने खलीलाबाद-बलरामपुर-बहराइच रेल लाइन की घोषणा की थी। लोगों को उम्मीद थी कि जल्द ही कार्य शुरू हो जाएगा और यह क्षेत्र भी रेल लाइन से जुड़ जाएगा, लेकिन भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू नहीं हो पा रही थी। अब प्रशासन ने भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
खलीलाबाद से बहराइच तक करीब 240 किलोमीटर नई रेल लाइन बिछाई जानी है। संतकबीरनगर के 56 गांव, सिद्धार्थनगर के 93 गांव, बलरामपुर के 65 गांव, श्रावस्ती के 30 गांव और बहराइच के 19 गांवों से होकर नई रेल लाइन बिछाई जानी है। प्रथम चरण में खलीलाबाद से बांसी तक 54 किलोमीटर कार्य कराया जाना है। संतकबीरनगर के खलीलाबाद तहसील क्षेत्र के 31 गांवों की 75.128 हेक्टेयर, मेंहदावल तहसील के 25 गांवों की 66.862 हेक्टेयर जमीन अधिग्रहित की जानी है। इस प्रकार कुल 56 गांवों की 142 हेक्टेयर जमीन ली जानी है।
इन गांवों में हुआ जमीन अधिग्रहण
रेल लाइन के लिए भूमि अधिग्रहण का कार्य शुरू हो गया है। हारापट्टी, तरकुलवा, कडसरी, लोरिकबरी, मड़या गांव के किसानों की भूमि के अधिग्रहण का कार्य पूर्ण करा लिया गया है। जबकि 32 अन्य गांवों की जमीन के अधिग्रहण की कार्रवाई की जा रही है।
नई रेल लाइन से सुगम होगा आवागमन, बढ़ेंगे रोजगार
खलीलाबाद-बलरामपुर-बहराइच रेल लाइन बनने से क्षेत्र के लाखों लोगों को आने-जाने में सहूलियत होगी। इससे न सिर्फ इन क्षेत्रों का विकास होगा, बल्कि रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। क्षेत्र के जय सिंह, राम मिलन आदि ने कहा कि रेल लाइन बनने से काफी राहत मिलेगी। आवागमन सुगम हो जाएगा।
खलीलाबाद-बहराइच रेल लाइन के लिए पांच गांवों में भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी हो गई है। शेष गांवों में भी जमीन अधिग्रहण के लिए तैयारी चल रही है। जल्द ही भूमि अधिग्रहण का कार्य पूर्ण कर लिया जाएगा।
- आशीष पांडेय, भूमि अध्याप्ति अधिकारी