एनआरएलएम की टीम ने रविवार को विकास खंड पौली के मुठही खुर्द, रानीपुर और बुजुर्गवार गांव में कराए गए विकास कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। मुठही खुर्द गांव में तालाब की खुदाई के दौरान किए गए काम का भुगतान न मिलने की शिकायत मनरेगा मजदूरों ने की। इस पर प्रधान पक्ष और मजदूरों के बीच हंगामा हो गया। बीडीओ ने जांच कराकर मजदूरी देने का आश्वासन जब मजदूरों को दिया तब वे शांत हुए।
मुठही खुर्द गांव में पहुंची एनआरएलएम की दो सदस्यीय जांच टीम ने सबसे पहले इंदिरा आवास, प्रधान मंत्री आवास, वृद्धावस्था, विकलांग पेंशन के संबध में जानकारी ली। उसके बाद वर्ष 2015-16 में मनरेगा के तहत खुदाई कराए गए पोखरे पर पहुंच कर स्थलीय जांच पड़ताल शुुरू की। जांच के दौरान रामप्रकाश, बनारसी, हरीराम, रविंद्र, जमील समेत 24 लोग वहां पहुंचे और अपने को मनरेगा मजदूर बताते हुए कहा कि पोखरे की खुदाई में उन्होंने काम किया है, लेकिन उनको मजदूरी अभी तक नहीं मिली। जबकि जो लोग काम नहीं किए थे उनको भुगतान कर दिया गया है। इसी दौरान प्रधान पक्ष के लोग एतराज किए। जिस पर दोनों तरफ से हंगामा खड़ा हो गया। बीडीओ सौरभ कुमार पांडेय ने दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर शांत किया और मजदूरों को मजदूरी दिलाने का भरोसा दिया। उसके बाद टीम रानीपुर गांव में पहुंची और वहां भी विकास कार्यों का जायजा लिया। बुजुर्गवार गांव में इंदिरा आवास के लाभार्थी हिरावन, गायत्री, पिल्लू के मकान को जांच टीम ने देखा और छत का काम पूरा न होने पर असंतोष व्यक्त किया। इस दौरान एडीओ समाज कल्याण उमाशंकर वर्मा, सेक्रेटरी राजाराम, विष्णु, अशोक यादव, संतराम शर्मा, गिरजा यादव, उमेश चौधरी, पवन सिंह आदि मौजूद रहे।