संतकबीरनगर। शासन की ओर से खलीलाबाद औद्योगिक क्षेत्र में बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने की व्यवस्था में बदलाव कर दिया गया है। जहां पहले सफाई व अन्य कार्याें की जिम्मेदारी नगर पालिका परिषद खलीलाबाद के जिम्मे थी, वहीं अब यह कार्य यूपीसीडा को सौंप दिया गया है।
उम्मीद थी कि इससे व्यवस्था में सुधार आएगा, लेकिन उदासीनता के चलते औद्योगिक क्षेत्र की तस्वीर नहीं बदल सकी है। यहां सफाई व्यवस्था धराशायी हो गई है। नालों में कचरा जमा है। यह स्थिति तब है, जब इसके लिए दो करोड़ रुपये के बजट का प्रावधान है।
औद्योगिक क्षेत्र 231.34 एकड़ में फैला हुआ है। यहां 282 इकाइयां हैं। इसमें से 107 इकाइयां ही सक्रिय हैं। इसके साथ 78 औद्योगिक इकाइयां बंद हो चुकी हैं। 37 लोगाें ने आवंटिज भूखंड में आवास बना लिए हैं। साथ ही मूल प्रोजेक्ट से अलग प्रोजेक्ट पर कार्य करने वाली इकाइयों की संख्या 14 हैं, जबकि 12 आवंटी गोदाम और किराए के रूप में जगह का इस्तेमाल कर रहे हैं। वर्तमान में यहां साफ-सफाई व्यवस्था पूरी तरह से धराशायी हो गई है। जगह-जगह गंदगी फैली हुई है।
औद्योगिक क्षेत्र में नालों की स्थिति यह है कि उसमें कचरा जमा है, जिससे जल निकासी की समस्या बनी हुई है। नालियों का पानी खाली स्थानों पर फैल रहा है।