धर्मसिंहवा। स्थानीय नगर पंचायत को शहरी आपूर्ति मिलने में अधूरा कार्य अड़चन बना हुआ है। नवंबर 2025 से अब तक इस कार्य को पूरा नहीं किया जा सका, जबकि 1.74 करोड़ रुपये बौरव्यास उपकेंद्र पर धर्मसिंहवा के लिए पांच एमबीए का ट्रांसफार्मर और नई लाइन बनाकर सप्लाई देने के लिए बजट मिला है।
सितंबर 2022 में धर्मसिंहवा को नगर पंचायत का दर्जा मिला। चार वर्ष होने जा रहे हैं, लेकिन बिजली आपूर्ति की समस्या जस की तस बनी हुई हैं। लो वोल्टेज, लोकल फाल्ट यहां की बड़ी समस्या है। यहां अभी बिजली आपूर्ति सिद्धार्थनगर के खेसरहा फीडर से होती है। प्रशासनिक पहल पर नगर पंचायत के लिए बौरव्यास फीडर पर अलग उपकेंद्र बनाए जाने की कवायद नवंबर 2025 से प्रारंभ हुई। लोगों को आश्वासन दिया गया कि फरवरी-मार्च तक शहरी आपूर्ति लोगों को मिलने लगेगी, लेकिन बनाए गए लाइन में कुछ अधूरे कार्य के चलते अब तक लोगों को शहरी आपूर्ति नहीं मिल पा रही है। स्थानीय नागरिक अशोक राय, राजेश कुमार तिवारी, तारकेश्वर पांडेय, प्रमोद जायसवाल, आशीष कुमार, वीरेंद्र पांडेय सहित अन्य लोगों ने बताया कि नगर पंचायत के लिए अलग से खंभा लगाकर कर लाइन बिछा दी गई है, इसके बावजूद भी शहरी आपूर्ति नहीं मिल पा रही है लोगों ने बताया कि नई लाइन बिछाने का काम लगभग छह महीने से किया जा रहा था, लेकिन अब तक पूर्ण नहीं हो सका है।
अभी कुछ स्थान पर कार्य को पूरा नहीं किया गया है, जिसके चलते लाइन को हैंडओवर नहीं लिया जा रहा है। साथ ही कुछ स्थान पर खंभा लगाया जाना बाकी है। संबंधित को कार्य को जल्द से जल्द पूर्ण करने के लिए निर्देशित किया गया है।
रामायण प्रसाद- अवर अभियंता, बौरव्यास बिजली उपकेंद्र