कोतवाली क्षेत्र के रौतापार गांव में फाल्ट ठीक करते दौरान करंट की चपेट में आने से एक युवक की मौत हो गई। घटना की सूचना पर युवक के गांव गोडही में कोहराम मच गया। पीड़ित परिजनों का रो- रो कर बुरा हाल था।
गोडही गांव निवासी राममूरत ने बताया कि उसके पांच बेटे है। तीसरे नंबर का 24 वर्षीय बेटा मनोज कुमार ठेके पर बिजली विभाग में ठेके पर मिस्त्री का काम करता था। दोपहर में किसी का फोन आया तो बेटा मनोज बिजली फाल्ट ठीक करने के लिए क्षेत्र के रौतापार गांव में गया था। जहां फाल्ट ठीक करते समय करंट की चपेट में आकर झुलस गया। जिसे लोगों ने जिला अस्पताल पहुंचाया। जहां कुछ ही देर बाद बेटे की मौत हो गई।
गिरजेश भाई की मौत पर बिलख रहा था और यह भी कह रहा था कि यदि यह पता होता तो मनोज को ठेके पर बिजली विभाग में काम नहीं करने देता। करंट ने उसके भाई को छीन लिया। प्रधान अखिलेश चौधरी ने बताया कि मनोज यहीं बताता था कि वह बिजली विभाग में ठेके पर मिस्त्री का काम करता है। पांच भाईयों में तीसरे नंबर का मनोज अपने मां- बाप के साथ रहता था। जबकि उसके तीन भाई अलग-अलग रहते हैं। उसका एक भाई सफाई कर्मी भी है। उसके पास सिर्फ एक डेढ़ साल की बेटी है। पति की मौत पर अनीता का रो- रो कर बुरा हाल था। बेटे की मौत पर पिता राममूरत और मां कमला देवी भी गमगीन थी।
गांव के लोग और नाते - रिश्तेदार सभी गमगीन थे। बिजली विभाग के एक्सईएन संजय सिंह ने बताया कि घटना की जानकारी मिली तो मामले की जांच पड़ताल कराई गई। जेई के एन यादव ने बताया है कि मृतक मनोज कुमार विभाग में ठेके पर काम नहीं करता था। वह प्राइवेट तौर पर लोगों के बुलाने पर काम करने जाता था। नियमानुसार वह सरकारी पोल पर चढ़ने के लिए अधिकृत नहीं था। थाने पर भी सूचना भेजवाई जा रही है कि मृतक बिजली विभाग से संबंधित नहीं है।