खलीलाबाद तहसील दिवस में आयोजित संर्पूण समाधान दिवस में फरियादियों की समस्या सुनते डीएम महेंद्र
संतकबीरनगर। सोमवार को जनपद के तीनों तहसीलों पर संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन हुआ। इस दौरान सबसे ज्यादा जमीन से संबंधित मामले आए। कोई सातवीं बार तो कोई दूसरी बार प्रार्थना पत्र दिया। लेकिन उनकी समस्या जस की तस बनी हुई है।
धनघटा तहसील पर जगदीशपुर गांव निवासी राम अधीन सातवीं बार फरियाद करने पहुंचे थे। राम अधीन का कहना है कि अपनी निजी भूमि पर मकान का निर्माण करना चाह रहे हैं। जिसे भी विपक्षी जबरन रोक रखें हैं। जमीन का पैमाइश करके विवाद के समाधान की मांग को लेकर लगातार सातवीं बार संपूर्ण समाधान दिवस में प्रार्थना पत्र दिए हैं। लेकिन अभी तक कोई सुनवाई नहीं हुई।
इसी तरह से खलीलाबाद तहसील पर पहुंचे बंधवा निवासी संजय कुमार का कहना था कि देवापार में उनकी जमीन है, इस पर स्टे है। इस जमीन के कुछ हिस्से पर कुछ लोग कब्जा किए हैं। इसकी शिकायत पहले की थी लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। विपक्षी जमीन के कुछ हिस्से में ईंट, बालू और सीमेंट रखकर स्टे का उल्लंघन कर रहे हैं।
69 मामले आए सिर्फ चार का निस्तारण
संतकबीरनगर। जनपद के तीनों तहसीलों पर आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस पर कुल 69 मामले आए और मात्र चार का निस्तारण हुआ। डीएम महेंद्र सिंह तंवर और एसपी सत्यजीत गुप्त ने खलीलाबाद तहसील में फरियाद सुनी। डीएम ने कहा कि फरियादियों की शिकायतों का त्वरित निस्तारण और शिकायतकर्ता की संतुष्टि ही संपूर्ण समाधान दिवस का मुख्य लक्ष्य है। इसमें किसी भी प्रकार लापरवाही पाए जाने व निस्तारण के अभाव में एक ही समस्या को आवेदक द्वारा बार-बार प्रस्तुत किए जाने अथवा संबंधित अधिकारी, कर्मचारी द्वारा समय संज्ञान न लेने को गंभीरता से लेते हुए जिम्मेदार अधिकारी के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि कोई भी गरीब व्यक्ति किसी कल्याणकारी योजनाओं से वंचित न रहने पाए। इस दौरान कुल 33 मामले आए और तीन का निस्तारण हुआ। धनघटा तहसील में एडीएम जय प्रकाश और एएसपी सुशील कुमार सिंह ने फरियाद सुनी। यहां पर कुल 15 मामले आए और एक का भी निस्तारण नहीं हुआ। इसी तरह से मेंहदावल तहसील में सीडीओ जयकेश त्रिपाठी ने फरियाद सुनी। यहां पर कुल 21 मामले आए और तीन का निस्तारण हुआ। संवाद