संतकबीरनगर। जिले की सीमा में स्थित हाईवे पर 24 जगह ब्लैक स्पॉट चिह्नित किए गए हैं, जहां ज्यादातर दुर्घटनाएं हुई हैं। जनवरी से अब तक इन स्थानों पर कुल 225 सड़क हादसे हो चुके हैं और 122 लोगों की जान जा चुकी है। वहीं 131 लोग घायल हो चुके हैं। कोहरा और ठंड शुरू होने पर ब्लैक स्पॉट पर सुरक्षा के इंतजाम नहीं होने से हादसे में इजाफा हो सकता है।
जनपद में कांटे, सरैया, टेमा रहमत, मगहर दुर्गा मंदिर, भुवरिया, बूधाकला, मेंहदावल, बाईपास, डीघा, मीरगंज, कुर्थिया, बनकटिया, मलोरना आदि कई स्थानों को ब्लैक स्पॉट घोषित किया गया है। इन स्थानों पर अक्सर दुर्घटनाएं होती रहती हैं।
इसके बाद भी कोहरा शुरु होने पर अब तक हाईवे प्रशासन सुरक्षा के इंतजाम नहीं कर सका है। स्थिति यह है कि जिले की सीमा टेमा रहमत से मगहर ओवरब्रिज तक हाईवे पर पशु और आम लोग सीधे न आएं, इसके लिए दोनों तरफ बैरियर बनाया गया है। लोग अपनी सुविधा के अनुसार बैरियर काटकर अवैध कट बना लिए हैं। इससे दुर्घटना की संभावना काफी है।
साथ ही एनएचएआई ने टेमा रहमत, बूधाकला, कांटे, भुजैनी, सरैया बाईपार, नेदुला, डीघा, मगहर दुर्गा मंदिर के पास सड़क क्रॉस करने के लिए जगह छोड़ा है। इन स्थानों पर लोगों के सड़क क्रॉस करने के दौरान हादसे की आशंका बनी रहती है। स्कूल जाने और आने के दौरान अक्सर यहां बच्चे परेशानी झेलते हैं। उन्हें सड़क क्रॉस करने के दौरान हमेशा भय बना रहता है। अब कोहरे ने दस्तक दे दी और सुबह और शाम को कोहरे का असर दिखाई देने लगा हैं, ऐसे में यात्रियों की सुरक्षा को लेकर चिंता बनी रहती है।
पिछले दिनों डीएम महेंद्र सिंह तंवर ने हाईवे प्रशासन को ब्लैक स्पॉट पर संकेतक लगाने के साथ ही कोहरे को देखते हुए अन्य उपाय करने के निर्देश दिए थे, लेकिन अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई है। हाईवे पर सफर करने वाले अजय, बदरे आलम, दुर्गेश, मिनहाज, अनंत आदि ने कहा कि कोहरे को देखते हुए हाईवे पर संकेतक व रेडियम लगाया आवश्यक है।