- पर्यटन विभाग के अधिकारियों ने किया सर्वे, गोरखनाथ मंदिर की संपत्ति है पंचमुखी शिव मंदिर
संवाद न्यूज एजेंसी
मेंहदावल। एक दिन के हल्दी व सोंठ के मुनाफे से निर्मित नगर पंचायत के सुहरहवा स्थित पंचमुखी शिव मंदिर व पोखरे का कायाकल्प होगा। पूर्व में श्रद्धालुओं व पर्यटकों के लिए सुविधाएं बढ़ाने की दिशा में प्रस्ताव बनाकर पर्यटन विभाग को भेजा गया था, लेकिन अपेक्षाकृत धनराशि न आने के कारण निर्माण कार्य लंबित पड़ा रहा। इस बीच पर्यटन विभाग के अधिकारी ने मंदिर परिसर का सर्वे कर परियोजनाओं के निर्माण की हकीकत जानी। इससे उम्मीद जगी है कि पंचमुखी शिव मंदिर में श्रद्धालुओं की सुविधाएं जल्द बढ़ेगी।
मेंहदावल नगर पंचायत के पुरवा वार्ड के सुहरहवा स्थित पंचमुखी शिव मंदिर में यज्ञशाला, यात्री निवास समेत कई परियोजनाओं को लेकर पर्यटन विभाग के पास प्रस्ताव भेजा गया था। करीब ढाई करोड़ के प्रस्ताव पर पर्यटन विभाग से मात्र 45 लाख रुपये की ही स्वीकृति मिली थी तथा पैसा भी अवमुक्त हो गया था। परियोजना के मुताबिक धन न आने के कारण मामला अधर में लटका हुआ था, जिस कारण निर्माण कार्य भी शुरू नहीं हो पाया। करीब एक माह पूर्व 45 लाख रुपये पर्यटन विभाग ने वापस मंगा लिया। एक बार फिर पर्यटन विभाग ने गोरखनाथ मंदिर के प्रस्ताव पर पहल करते हुए बस्ती मंडल के पर्यटन विभाग के अधिकारी पंचमुखी शिव मंदिर का स्थलीय निरीक्षण किया। पर्यटन अधिकारी ने परिसर की वीडियोग्राफी करने के साथ ही निर्माण स्थल का भी निरीक्षण किया। विकास की संभावनाओं को देखने के साथ ही निर्माण होने वाले परियोजना के लिए मंदिर व्यवस्थापक से विचार विमर्श भी किया। पंचमुखी शिव मंदिर के व्यवस्थापक साहब सिंह ने बताया कि पर्यटन विभाग के मंडल स्तरीय अधिकारी ने निर्माण स्थलों का निरीक्षण किया है। मंदिर परिसर में यज्ञशाला, यात्री निवास और धर्मशाला सहित कई निर्माण के प्रस्ताव पर्यटन विभाग को भेजे गए हैं, जो करीब तीन करोड़ से ऊपर की परियोजना है। जिसके लिए पर्यटन विभाग के क्षेत्रीय कार्यालय के निर्देश पर मंदिर परिसर का स्थलीय निरीक्षण करने के साथ ही पर्यटन अधिकारी द्वारा वीडियोग्राफी आदि की गई है। उम्मीद है जल्द ही परियोजनाओं को स्वीकृति मिलने के साथ ही निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। निर्माण कार्य होने से जहां श्रद्धालुओं को सुविधा उपलब्ध होगी, वहीं पर्यटक भी आकर्षित होंगे।