पूर्व लघु सिंचाई राज्यमंत्री रामआसरे पासवान की लंबी बीमारी की वजह से गुरुवार की रात गोरखपुर के एक प्राइवेट नर्सिंग होम में मृत्यु हो गई। वह 80 वर्ष के थे। चार बार उन्होंने खलीलाबाद विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया। वह 1997 से 2002 के बीच भाजपा सरकार में वह राज्यमंत्री रहे। पूर्व मंत्री की मौत की खबर से क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। आसपास के गांवों के तमाम लोग उनके गांव पहुंचने लगे। शुक्रवार की सुबह वयोवृद्ध नेता का शव उनके पैतृक गांव कोतवाली क्षेत्र के रईमा पहुंचा तो अंतिम दर्शन के लिए भीड़ जुट गई।
शुक्रवार को दोपहर बाद घाघरा नदी के बिड़हर घाट पर उनका शव अंत्येष्टि के लिए ले जाया गया। एसडीएम धनघटा राम अभिलाष, सीओ वीरेंद्र श्रीवास्तव, एसओ धनघटा महेंद्र प्रताप चतुर्वेदी आदि भी वहां पहुंच गए। पुलिस कर्मियों ने पूर्व मंत्री के शव को अंतिम सलामी दी।
इसके बाद छोटे पुत्र सुरेंद्र पासवान ने उन्हें मुखाग्नि दी। इस दौरान सपा नेता सुबोधचंद यादव, संतराम यादव, कोमल यादव, यशोदानंद यादव, पूर्व प्रधान घनश्याम पांडेय, इंद्रदेव पांडेय, गोदा पांडेय, महेंद्र पासवान, नरेंद्र पासवान, दिलीप पांडेय, अरुण पांडेय, गामा पांडेय, दिग्विजय पासवान, मेवालाल यादव, दामोदर पासवान, शिवशंकर पासवान, सुभाष पासवान आदि रहे।