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Sant Kabir Nagar News: दो साल बाद भी फर्जी पट्टा मामले की जांच पूरी नहीं

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संतकबीरनगर। धनघटा तहसील के नाथनगर ग्राम पंचायत में जनवरी 2024 में 11 लोगों को आवासीय पट्टा का आवंटन हुआ था। ग्रामीणों के मुताबिक तत्कालीन ग्राम प्रधान उस समय बीमार थे और लखनऊ के एक अस्पताल में भर्ती थे। इसके बाद भी दस्तावेज में बैठक दिखाकर और प्रधान समेत अन्य लोगों के फर्जी हस्ताक्षर करके अपात्रों को पट्टा दे दिया गया था। मामले में एक दर्जन से ज्यादा ग्रामीणों ने इसकी शिकायत का शपथपत्र डीएम आलोक कुमार को सौंपा था। दो साल बाद भी मामले की जांच पूरी नहीं हुई।
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इधर पिछले शनिवार को एक शिकायतकर्ता आरिफ मोहम्मद धनघटा तहसील में मामले की जानकारी व शिकायत करने पहुंचा। इस पर तहसील प्रशासन ने उसे पुलिस हिरासत में सौंप दिया। इसके बाद उसे जेल भेज दिया गया।
इधर शिकायतकर्ता को जेल भेजने पर सवाल उठ रहा है कि आखिर ऐसे कौन लोग इस मामले में संलिप्त हैं, जिनको तहसील प्रशासन बचाने का प्रयास कर रहा है, और मामले में संलिप्त लोगों पर कार्रवाई के बजाए उल्टे शिकायतकर्ता को जेल भेज दिया गया।
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नाथनगर ग्राम पंचायत में अनियमित तरीके से आवासीय पट्टा करने का मामला उजागर हुआ। उस समय नाथनगर ग्राम पंचायत के ग्राम प्रधान अस्पताल में भर्ती थे, इसी बीच तहसील प्रशासन की मिली भगत से आवासीय पट्टा करने का प्रस्ताव पारित हो गया है। तत्कालीन डीएम महेंद्र सिंह तंवर के जारी आदेश में छह अगस्त को प्रधान की लखनऊ में इलाज के दौरान मौत होने की पुष्टि हुई।
इसके बाद भू-प्रबंधन समिति ने 21 अक्तूबर 2024 को 11 लोगों के नाम बंजर में नवीन परती खाते की भूमि का आवासीय पट्टा स्वीकृत कर दिया। तहसील से नकल निकालने पर ग्रामीणों को पता चला कि राजस्व गांव भिटनी दुघारी उर्फ नाथनगर में 9 और राजस्व गांव जगदीशपुर गौरा (आंशिक) में दो लाभार्थियों को आवासीय पट्टा दिया गया। जो 21 अक्तूबर 2024 को एसडीएम धनघटा ने स्वीकृत किया। मामले में अक्तूबर में ग्रामीणों ने नोटरी शपथ पत्र के साथ डीएम को शिकायत की थी। इस पर डीएम आलोक कुमार ने जांच कराकर ग्रामीणों को कार्रवाई का भरोसा दिया था।
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इन लोगों के नाम हुआ आवासीय पट्टा

दुर्गावती देवी पत्नी स्वर्गीय राम मिलन, रवि प्रताप पुत्र बृजमोहन, आशा देवी पत्नी श्याम बिहारी, प्रमोद कुमार पुत्र रामशंकर, काशी प्रसाद पुत्र जीतन प्रसाद, निर्मला देवी पत्नी स्वर्गीय भैरव प्रसाद, शांती देवी पत्नी नरसिंह, मोमिना खातून पत्नी लियाकत अली, शहनाज पत्नी आसिफ, जितेंद्र कुमार पुत्र रामफेर, मंजू प्रजापति पत्नी नरेंद्र कुमार।
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जेल भेजने के लिए पुलिस ने भी लिखापढ़ी में किया खेल
शिकायतकर्ता आरिफ मोहम्मद को जेल भेजने के लिए की गई लिखापढ़ी में पुलिस ने भी खेल किया। महुली पुलिस के चालान रिपोर्ट में आरिफ मोहम्मद को नाथनगर तिराहा पर हंगामा करते हुए दिखाया गया, जिससे लोगों में क्षोभ था और कोई संज्ञेय घटना घटित हो सकता था। इसकी वजह से पुलिस ने दिन में 12:50 बजे गिरफ्तार कर रिपोर्ट के साथ एसडीएम न्यायालय भेजा। जहां से उसे जमानत न देकर जेल भेज दिया गया।
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नाथनगर आवासीय पट्टा के मामले में डीएम के यहां से आख्या मांगी गई है, जिसको जल्द से जल्द तैयार करके भेजवाया जा रहा है। शिकायतकर्ता को इस मामले में जेल भेजने का आरोप निराधार है। शनिवार को वह तहसील में आकर प्रार्थना पत्र देकर लेखपाल के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराने की मांग कर रहा था।
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-डॉक्टर सुनील कुमार, एसडीएम, धनघटा
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