पोली के पड़रिया में अंत्येष्ठी स्थल सरयू नदी के कटान से नदी में विलीन हो गया
रोसयाबाजार। क्षेत्र में सरयू नदी का जल स्तर तो कम हुई लेकिन कटान के चलते दुश्वारियां कम नहीं हो रही है। सोमवार की देर शाम नदी ने पड़रिया गांव के पास कटान करते हुए शवदाह केंद्र को अपनी धारा में विलीन कर लिया। जिससे ग्रामीणों भयभीत है। ग्रामीणों का कहना है कि अगर इसी तरह से कटान हुआ तो उनका सबकुछ बर्बाद हो जाएगा।
सरयू नदी का जल स्तर लगातार बढ़ रहा था। तीन दिन पूर्व खतरे के निशान 79. 440 मीटर पर नदी पहुंच गई थी, लेकिन उसके बाद नदी का जल स्तर कम हुआ। वर्तमान में नदी 78.900 मीटर पर बह रही है। नदी का जल स्तर जैसे ही कम हो रहा है वैसे ही नदी कटान तेज कर रही है। सोमवार की शाम को पड़रिया गांव में शव दाह केंद्र की कटान करते हुए नदी ने अपनी धारा में विलीन कर लिया। शवदाह केंद्र का निर्माण 2023 में हुआ था।
ग्रामीणों का कहना है कि दो साल पहले ग्राम पंचायत में घाघरा नदी के तट पर दाह संस्कार के लिए अंत्येष्टि स्थल का निर्माण कार्य पूरा हुआ तब से किसी तरह दो साल बाढ़ को झेल सका, लेकिन इस बार अभी तक बाढ़ ने भीषण तबाही नहीं मचाई किंतु नदी के घटते-बढ़ते क्रम के कारण कटान तेज हो गई। इससे नदी के किनारे बने इस शवदाह केंद्र पर कटान आनी शुरू हो गई। आखिरकार यह केंद्र पूरी तरह से नदी की कटान को झेल नहीं सका और नदी की धारा में विलीन हो गया।
ग्रामीण सीताराम, जगदीश, रामकरन, रामचंद्र, राजेंद्र, सत्य प्रकाश, दयाराम, दीनानाथ, जेठू निषाद आदि ने बताया कि सरकार पता नहीं क्या सोचकर नदी की धारा में लाखों के प्रोजेक्ट का निर्माण करवा रही है। जो नदी के बेग को दो साल भी नहीं झेल पाया। एडीओ पंचायत जितेंद्र तिवारी ने बताया कि शवदाह केंद्र नदी की धारा में विलीन हो गया है। इसकी सूचना मिली है। उच्चाधिकारियों को अवगत करा दिया गया है।