निजीकरण के विरोध में प्रदर्शन करते बिजली कर्मी-स्रोत बिजली निगम
संतकबीरनगर। विद्युत निगमों के निजीकरण के विरोध में बुधवार को भी बिजली कर्मियों ने अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर धरना दिया। बिजली कर्मियों ने कहा कि सात दिसंबर को किसानों व मजदूरों के बैठकर आंदोलन को तेज करने की रणनीति तय की जाएगी।
विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के पदाधिकारी सुनील प्रजापति ने कहा कि निजीकरण का फैसला बिजली कर्मियों व उपभोक्ताओं के हित में नही है। उन्होंने कहा कि सात दिसंबर को लखनऊ में किसान व मजदूर संगठनों के साथ बैठक कर आंदोलन को तेज किया जाएगा। संघर्ष समिति के पदाधिकारी प्रिंस गुप्ता ने कहा कि एक साल से अधिक समय से चल रहे संघर्ष चल रहा है, लेकिन कोई कदम नहीं उठाया गया। ऐसे में जब तक निजीकरण का फैसला वापस नहीं लिया जाता है, आंदोलन चलता रहेगा। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि आंदोलन को और तेज किया जाए।
धरना में इंजीनियर मुकेश गुप्ता, सूरज प्रजापति, अशोक कुमार, श्रवण प्रजापति, धीरेंद्र यादव, पुष्पेंद्र भारती, नारायण चंद्र चौरसिया, दिलीप सिंह, ओंकार चौरसिया , राजकुमार आदि शामिल रहे।