पौली क्षेत्र के रोसया बाजार निवासी एक गर्भवती महिला ने मंगलवार के भोर में अस्पताल पहुंचने के पहले ही दम तोड़ दिया। घर के लोगों का आरोप है कि 102 नंबर की एंबुलेंस सूचना के दो घंटे बाद आई और महिला को उपचार नहीं मिल पाया।
हरिनाथ की पत्नी कौशिल्या को सोमवार रात करीब 12 बजे प्रसव पीड़ा शुरू हुई। हरिनाथ का कहना है कि पत्नी को अस्पताल ले जाने के लिए 102 नंबर पर फोन किया। बार बार फोन करने के बाद यही जवाब मिलता रहा कि एंबुलेंस पहुंचने वाली है, लेकिन रात में करीब दो बजे एंबुलेंस पहुंची उसके बाद पीड़िता को पीएचसी रोसया बाजार पर ले जाया गया। वहां अस्पताल पर मौजूद एएनएम ने देखते ही कहा कि महिला की हालत गंभीर है जिला अस्पताल ले जाओ।
भोर में करीब चार बजे जिला अस्पताल पहुंचे तो डॉक्टरों ने कौशिल्या को देखते ही मृत घोषित कर दिया। हरिनाथ का आरोप है कि अगर एंबुलेंस सही समय पर आई होती तो पत्नी की मौत नहीं होती। सीएमओ डॉक्टर आनंद प्रकाश श्रीवास्तव का कहना है कि एंबुलेंस अगर देर से आया है तो उसकी जांच कराई जाएगी। हो सकता है कि एंबुलेंस चालक को रात में रास्ता सही से न पता रहा हो।
फिलहाल एंबुलेंस के समन्वयक से पूछताछ की जाएगी। उधर, महिला के मौत के बाद किसी ने 100 नंबर पर फोन कर कहा कि महिला की मौत डॉक्टर द्वारा गलत इंजेक्शन लगाने से हुई है। पीएचसी रोसया बाजार पर पुलिस ने पहुंच कर इस संबंध में पूछताछ भी की।