प्रेसवार्ता में एसपी ने वाहन चोर गिरोह की जानकारी दी।
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स्वाट और कोतवाली की संयुक्त पुलिस टीम ने मंगलवार देर शाम को मगहर पुलिस चौकी के निकट चेकिंग के दौरान चोरी की बोलेरो के साथ तीन वाहन चोरों को गिरफ्तार किया। बरामद बोलेरो हरियाणा के मानेसर से चुराई गई थी। पकड़े गए वाहन चोर उन्नाव, कानपुर और आजमगढ़ के रहने वाले हैं।
एसपी हेमराज मीणा ने बुधवार को पत्रकार वार्ता में बताया कि कोतवाल ईश्वरचंद प्रधान, चौकी इंचार्ज धर्मेंद्र तिवारी और स्वाट टीम प्रभारी राजकुमार टीम के साथ वाहनों की चेकिंग कर रहे थे। इसी बीच गोरखपुर से बस्ती की तरफ जा रही एक बोलेरो को रोकने चालक ने मोड़कर भागने की कोशिश की। इसे घेरकर पकड़ लिया गया। इसमें चालक समेत तीन लोग सवार थे। पूछताछ में चालक की पहचान धर्मेंद्र पुत्र फुल्लूराम निवासी भावारायपुर पट्टी बंकाराय थाना बिलरियागंज (आजमगढ़), आशुतोष कटियार उर्फ दिनेश कटियार पुत्र स्वर्गीय महेंद्र कटियाद्भ निवासी बगहा थाना वीघापुर (उन्नाव) और भानू प्रताप सिंह, नगर पालिका कॉलोनी दादानगर थाना गोविंदपुर (कानपुर) के रूप में हुई।
तलाशी में आशुतोष और भानू प्रताप के पास से एक- एक तमंचा मिला। पूछताछ में पता चला कि बरामद बोलेरो यूपी 16 एएस-7499 चोरी की है। जो कि 20 दिन पूर्व हरियाणा के मानेसर से चुराई गई है। इसका वास्तविक नंबर एचआर 26 बीबी- 5911 है। पहचान छुपाने के लिए वाहन का नंबर बदल दिया गया। वे लोग वाहन चोरी की फिराक में गोरखपुर गए थे। शिकार न मिलने पर वे वापस लौट रहे थे।
एसपी के मुताबिक वाहन चोर गैंग के आशुतोष कटियार ने बताया कि इसके पहले उसने अपने साथी सुरेश राजभर के साथ मिल कर खलीलाबाद, नाथनगर और खजनी गोरखपुर से भी बोलेरो चुराई थी। सपा के पूर्व विधायक अलगू प्रसाद चौहान की बोलेरो भी इसी गैंग ने चुराई थी। चोरी की गाड़ियों को कबाड़ में कटवा देते थे और फिर कबाड़ी से उसकी कीमत लेते थे। इतना ही नहीं कुछ गाड़ियों को नेपाल में भी खपाते थे। पकड़े गए वाहन चोरों को जेल भेज दिया गया। वहीं एसपी ने पुलिस टीम को 2500 रुपये पुरस्कार दिया।