पौली ब्लॉक के नरायनपुर गांव के सिवान में रविवार की दोपहर आग लग जाने के कारण तीन गांवों के किसानों की करीब 50 एकड़ गेहूं की फसल जलकर राख हो गई। गांव के लोग और दमकल कर्मी तीन घंटे के अथक परिश्रम के बाद आग पर काबू पा सके। आग लगने का कारण लोग अलग-अलग बता रहे हैं।
आग की शुरुआत नरायनपुर गांव निवासी रामलौट के खेत से हुई। उसके बाद पछुआ हवा के झोकों के बीच आग विकराल रूप धारण करके लालचंद, लालजी, चंद्रिका, रामनिहोर, रामचेत, गंगाराम, यदुनाथ, हौसिला, रमजान, सैफुल्लाह, शाह मुहम्मद, चकिया गांव के रामनयन, फूलचंद, मुन्नी, यदुवंश समेत छपरा मगर्बी गांव के कई किसानों के खेत में पहुंच गई। इस बीच आग पर काबू पाने के लिए धुसवा, नरायनपुर, मदरहा, चकिया, आगापुर, छपरामगर्बी गांव के सैकड़ों लोग जुट गए। इस दौरान दमकल की गाड़ियां भी पहुंच गईं। ग्रामीणों और दमकल कर्मियों के तीन घंटे के अथक प्रयास के बाद आग पर काबू पाया जा सका। आग लगने का कारण लोग अलग-अलग बता रहे हैं। इसी तरह भरतपूरा गांव के मठिया टोला निवासी राजकरन और विंध्याचल के खेत में बिजली की शॉर्ट सर्किट से आग लग गई, इससे दोनों लोगों का करीब एक बीघा गेहूं जल गया।