संतकबीरनगर। पुलिस की प्रभावी पैरवी के चलते बहला-फुसलाकर नाबालिग को भगा ले जाने (अपहरण) के एक मामले में अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए तीन वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने आरोपी पर तीन हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड जमा न करने पर उसे तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। अभियोजन के अनुसार छह सितंबर 2017 को बखिरा थाना क्षेत्र के एक व्यक्ति ने अपनी पुत्री को बहला-फुसलाकर भगा ले जाने के आरोप में सहजनवा थाना क्षेत्र के मोहाना निवासी उमेश शर्मा पुत्र रामप्रसाद शर्मा के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराया था।
मामले की विवेचना तत्कालीन उपनिरीक्षक राममिलन यादव ने की थी और साक्ष्यों के आधार पर आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया गया। सुनवाई के दौरान न्यायालय ने तीन वर्ष के कारावास और तीन हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। संवाद