संतकबीरनगर। बदलते मौसम का असर लोगों की सेहत पर भी पड़ रहा है। लोग आयुर्वेद से भी इलाज करा रहे हैं। जिला अस्पताल की आयुर्वेदिक ओपीडी में प्रतिदिन करीब 70 से 100 मरीज उपचार और परामर्श के लिए पहुंच रहे हैं। मरीज सर्दी-जुकाम, सिरदर्द, कमजोरी, पाचन संबंधी समस्या और रोग प्रतिरोधक क्षमता से जुड़ी परेशानियों को लेकर आयुर्वेदिक चिकित्सा की ओर रुख कर रहे हैं।
जिला अस्पताल के वरिष्ठ आयुर्वेदिक रोग विशेषज्ञ डॉ. अवधेश सोनकर के अनुसार, बदलते मौसम में कभी बारिश तो कभी गर्मी और उमस के कारण लोगों की दिनचर्या प्रभावित हो रही है। मौसम में उतार-चढ़ाव के बीच सर्दी-जुकाम, सिरदर्द, शरीर में कमजोरी और अन्य मौसमी समस्याएं देखने को मिल रही हैं। ऐसे में संतुलित खानपान और नियमित दिनचर्या पर ध्यान देना जरूरी है।
उन्होंने बताया कि आयुर्वेद में बीमारी के लक्षणों के साथ-साथ उसके मूल कारणों पर भी ध्यान देने की परंपरा है। मरीज की स्थिति के अनुसार उपचार और जीवनशैली में बदलाव की सलाह दी जाती है। हालांकि किसी भी गंभीर बीमारी में चिकित्सकीय जांच और विशेषज्ञ की सलाह के बाद ही उपचार लेना चाहिए।
पाचन तंत्र दुरुस्त तो शरीर भी बेहतर
डॉ. सोनकर ने बताया कि कई स्वास्थ्य समस्याओं का संबंध पाचन तंत्र से भी होता है। कब्ज, अपच, गैस और पेट से जुड़ी अन्य समस्याएं लंबे समय तक बनी रहने पर व्यक्ति की दिनचर्या और सामान्य स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकती है। आयुर्वेद में पाचन तंत्र को स्वस्थ रखने के लिए खानपान और दिनचर्या से जुड़े कई उपाय बताए गए हैं।
उन्होंने लोगों को पर्याप्त पानी पीने, ताजा भोजन करने और नियमित समय पर भोजन करने की सलाह दी। अत्यधिक तला-भुना, पैकेज्ड और असंतुलित भोजन से बचने पर भी जोर दिया।
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मौसमी फल-सब्जियों को बनाएं आहार का हिस्सा
विशेषज्ञ ने कहा कि खानपान में मौसमी फल और हरी सब्जियों को प्राथमिकता देनी चाहिए। प्राकृतिक और संतुलित आहार शरीर को आवश्यक पोषक तत्व उपलब्ध कराने में मदद करता है। उन्होंने कहा कि केवल दवाओं पर निर्भर रहने के बजाय स्वस्थ जीवनशैली अपनाना भी जरूरी है।
उन्होंने बताया कि कमजोरी और लगातार थकान की शिकायत लेकर भी लोग अस्पताल पहुंच रहे हैं। लंबे समय तक काम करने, पर्याप्त नींद न लेने और शारीरिक गतिविधि कम होने का असर भी स्वास्थ्य पर पड़ सकता है। इसलिए पर्याप्त नींद, नियमित व्यायाम और अपनी क्षमता के अनुसार शारीरिक सक्रियता बनाए रखना जरूरी है।