क्षेत्र के भेडौरा पिकौरा में बना एएनएम सेंटर बदहाल हो चुका है। मरम्मत के अभाव में भवन भी जर्जर हो चुका है। इससे गांव समेत क्षेत्र के लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। सब कुछ जानने के बाद भी स्वास्थ्य महकमा चुप है।
भेडौरा पिकौरा निवासी सुनील पांडेय, हरीराम वर्मा, धुप निषाद, बलजीत निषाद, अमित पांडेय, जय प्रकाश पांडेय, देव प्रकाश पांडेय, रमापति निषाद, सिकंदर निषाद आदि का कहना है कि भेडौरा पिकौरा में बना एएनएम सेंटर स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही के कारण जर्जर हो गया। यहां पहले प्रसूताओं की डिलीवरी होती थी,पर धीरे धीरे यह बंद हो गई। एएनएम सेंटर पर डिलीवरी न होने के चलते लोगों को या दुधारा जाना पड़ता है नहीं तो जिला मुख्यालय पर जाना मजबूरी है। लोगों ने एएनएम सेंटर के मरम्मत की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव के एक ही व्यक्ति का इस एएनएम सेंटर पर अवैध रूप से कब्जा है और इसमें भूसा और कंडा कई वर्षों से रख जा रहा है। प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉक्टर निहालुद्दीन का कहना है कि एएनएम सेंटर के बदहाल होने कि जानकारी विभाग को दे दी गई है। इसके साथ ही इसके जीर्णोद्धार के लिए धन की डिमांड की गई है। धन उपलब्ध होते ही मरम्मत और निर्माण कार्य शुरू करा दिया जाएगा।