उत्तर प्रदेश राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन से जुड़े संविदा कर्मचारियों ने बुधवार को भी कार्य बहिष्कार जारी रखा। साथ ही मुख्य चिकित्साधिकारी कार्यालय पहुंचकर धरना दिया। संविदा कर्मियों को नियमित किए जाने तथा लखनऊ में कर्मियों पर हुए लाठीचार्ज के दोषियों पर कार्रवाई किए जाने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि मांगे पूरी नहीं हुई तो धरना-प्रदर्शन चलता रहेगा।
उत्तर प्रदेश राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन संविदा कर्मचारी संघ के बैनर तले संविदा कर्मचारी सोमवार से कार्य बहिष्कार कर सीएमओ कार्यालय पर चल रहा धरना बुधवार को भी धरना जारी रहा। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि समान कार्य पर समान वेतन दिए जाने की बात कहीं जाती है, लेकिन संविदा कर्मियों के साथ सौतेला व्यवहार किया जा रहा है। संविदा कर्मियों को सरकार नियमित करें। वक्ताओं ने कहा कि अपने हक की मांग करने पर पुलिस ने लाठियां बरसाई, इसमें कई लोग घायल हुए हैं। इसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। कार्य बहिष्कार व धरना में संजीव सिंह, अभय त्रिपाठी, वैकटेश्वर पाठक, विनीत शुक्ला, कल्पना वर्मा, दीनदयाल वर्मा, राजू भटनागर, आशीष वर्मा, अशोक यादव, रामचंदर, अमरनाथ जायसवाल, गायत्री, हेमलता, संजना, जोहरा खातून, प्रीति, आशीष वर्मा, डॉक्टर रिचा, डॉक्टर एसएन शुक्ला, संजय तिवारी, संजय भारती, डॉक्टर सुशील कुमार, प्रियंका आदि लोग शामिल रहे।
नो वर्क नो पे की होगी कार्रवाई
संतकबीरनगर। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन से जुड़े संविदा कर्मियों की हड़ताल पर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ.आनंद प्रकाश श्रीवास्तव ने कहा कि प्रमुख सचिव ने स्पष्ट निर्देश दिया कि जो भी कर्मचारी कार्य बहिष्कार कर रहे है, उन पर नो वर्क नो पे की कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि संविदा कर्मियों की मांग पर शासन स्तर से ही कार्रवाई होनी है, जिससे शासन अवगत हो चुका है। ऐसे में उन्हें काम पर लौट आना चाहिए।