धनघटा। दानीनाथ मंदिर परिसर में रविवार को आयोजित हिंदू सम्मेलन में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के बस्ती विभाग प्रचारक ऋषि दीप ने हिंदू समाज से एकजुट होकर अपनी संस्कृति की रक्षा करने का आह्वान किया। उन्होंने भारत माता के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्ज्वलन के साथ कार्यक्रम शुरू करते हुए सभी सनातन परंपराओं के महत्व पर जोर दिया।
हिंदू समाज में एकता और सांस्कृतिक मूल्यों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित सम्मेलन में बड़ी संख्या में हिंदू समाज के लोगों ने भाग लिया। विभाग प्रचारक ऋषि दीप ने युवाओं और समाज को अपनी जड़ों से जुड़ने और सनातन धर्म के सिद्धांतों को अपनाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि यही वह धरती है जहां से कबीर ने ज्ञान, भक्ति, कर्म, जीवन और सामाजिक समरसता का संदेश दिया। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष पर अतिथियों ने नारी अस्मिता के साथ ही राष्ट्र रक्षा व हिन्दू एकता पर अपनी बातों को मजबूती से रखा।
विशिष्ट अतिथि बिड़हरघाट के भुईलोटन दास ने हिन्दू राष्ट्र बनाने की दिशा में काम करने की बात कहीं। कहा कि हिंदू धर्म नहीं जीवन का एक सार है। हमारी परंपराओं और प्रतीकों को ध्यान में रखते हुए सौहार्द को स्थापित करना होगा। आलोचकों की मान्यताओं को समाप्त करना होगा। हमारा सौभाग्य है कि हम इस प्राचीन और सर्व समावेशी संस्कृति का हिस्सा हैं। अंत में वहां उपस्थित लोगों ने भारत मां की आरती में हिस्सा लिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सुबास चंद्र पाठक ने की।
कार्यक्रम में धनघटा विधायक गणेश चंद्र चौहान, नीलमणि, हिन्दू जागरण मंच के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष राकेश पाठक, महेंद्र, शत्रुघ्न शर्मा, राम किशुन, राजेंद्र सिंह, संगीता पाठक, रामजी मोदनवाल, पर्वतारोही रजनी शाह, भाजपा जिला उपाध्यक्ष अमर राय आदि लोग मौजूद रहे।
धनघटा में हिंदू सम्मेलन को संबोधित करते वक्ता-संवाद