धनघटा। नगर पंचायत हैंसर बाजार-धनघटा का सृजन हुए चार वर्ष बीत चुके हैं, लेकिन विकास कार्य न के बराबर है। पेयजल के लिए पानी की आपूर्ति का इंतजाम नहीं है, तो जल निकासी की मुकम्मल व्यवस्था नहीं हो सकी है। इतना ही नहीं टैक्सी स्टैंड न होने से राम जानकी मार्ग पर वाहन खड़े हो रहे हैं।
बड़ा बाजार में बाजार के लिए कोई जगह न होने के कारण सड़क पर बाजार लग रहा है, जिससे प्रत्येक रविवार और बृहस्पतिवार को इस रास्ते जाना मुश्किल हो जाता है।
विकासखंड हैंसर बाजार के 14 ग्राम पंचायतों का विलय करते हुए नगर पंचायत हैंसर बाजार-धनघटा का गठन हुआ था। लोगों को उम्मीद थी कि नगर पंचायत का समुचित विकास होगा, लेकिन लोगों काे सुविधाएं नहीं मिल सकी हैं। नगर पंचायत में शुद्ध पेयजल की व्यवस्था नहीं हो सकी है, जिसकी वजह से यहां के लोग हैंडपंप के सहारे हो गए हैं।
जल निकासी के लिए नाले का निर्माण तो हुआ, लेकिन वह भी कहीं-कहीं अधूरा पड़ा है, जिससे बरसात के समय पानी नाले से निकलकर सड़क पर बहेगा। कहीं पर स्थायी टैक्सी स्टैंड न होने से धनघटा चौक पर प्राइवेट वाहन हो या सरकारी वाहन, सभी खड़े करके सवारियां भरते हैं, जिससे पैदल और बाइक से आने जाने वालों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
जबकि राम जानकी मार्ग और धनघटा मुखलिसपुर मार्ग पर वहां खड़े होने के बावजूद उससे शुल्क की वसूली नगर पंचायत करती है, लेकिन स्थायी टैक्सी स्टैंड की व्यवस्था नहीं कर पा रही है। नगर में विद्युत आपूर्ति के लिए आधे-अधूरे तार खींचे गए हैं। बिजली आपूर्ति भी 8 से 10 घंटे ही यहां के लोगों को मिल पा रही है।
बकौली कला बाग में बाजार लगती है, लेकिन बंडा में लगने वाली साप्ताहिक बाजार को वहां नहीं शिफ्ट किया जा रहा है। नगर की सड़क भी टूटी-फूटी हाल में है।
विकास कार्य किए जा रहे हैं। धीरे-धीरे सब कार्य संपन्न हो जाएगा।
-सुधीर सिंह, अधिशासी अधिकारी