ऋण वितरण में सुस्ती पर डीएम ने जताई नाराजगी
प्रधानमंत्री रोजगार योजना में मात्र एक का आवेदन हुआ स्वीकृत
लीड बैंक मैनेजर को बैंकों से समन्वय स्थापित कर ऋण वितरण कराने का निर्देश
अमर उजाला ब्यूरो
संतकबीरनगर। जिला उद्योग बंधु की बैठक शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में डीएम की अध्यक्षता में हुई, जिसमें प्रधानमंत्री रोजगार योजना में मात्र एक आवेदक का ऋण स्वीकृत होने पर नाराजगी जताई गई।
डीएम भूपेंद्र एस.चौधरी ने कहा कि एकल मेज व्यवस्था के तहत जिले में आद्यौगिक इकाइयों का पंजीकरण तेज गति से किया जा रहा है। वर्ष 2018-19 मेें 180 के लक्ष्य के सापेक्ष अब तक कुल 309 इकाइयों का ऑनलाइन पंजीकरण हो चुका है। डीएम ने इस स्थिति पर संतोष व्यक्त किया है। बताया गया कि इस वर्ष विद्युत भार स्वीकृति के लिए प्राप्त सभी आवेदन भी निस्तारित कर दिए गए हैं तथा कोई प्रार्थना पत्र लंबित नही है। प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान मात्र एक आवेदक को ऋण स्वीकृत किये जाने को असंतोष व्यक्त करते हुए डीएम ने लीड बैंक प्रबंधक को निर्देश दिया कि बैंक शाखाओं समन्वय स्थापित कर ऋण वितरित कराएं। इस योजना में इस वर्ष पांच उद्यमियों को 12.49 लाख रुपये का ऋण वितरित करने का लक्ष्य है। बैकों में आठ आवेदकों के 15.05 लाख का प्रार्थना पत्र लंबित है।
प्रधानमंत्री मुद्रा योजना में 4140 के सापेक्ष 480 आवेदको का 571.25 लाख रूपये ऋण स्वीकृत किया गया है। स्टैंड अप इंडिया योजना में 50 वार्षिक लक्ष्य के सापेक्ष दो इकाईयों को 43.25 लाख का ऋण स्वीकृत किया गया है। उन्होंने लीड बैंक प्रबन्धक को निर्देश दिया कि बैंक शाखाओं समन्वय स्थापित कर ऋण वितरित कराएं। उपायुक्त उद्योग रवि कुमार ने बताया कि मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना में जनपद का लक्ष्य 82 उद्यमियों को 80.40 लाख रूपये का ऋण वितरित करने का लक्ष्य है। इसके अंतर्गत 55 आवेदको का चयन करके बैंक शाखाओं को स्वीकृति हेतु भेजा गया है। पुन: आठ अक्तूबर को चयन के लिए आवेदन पत्र आमंत्रित किया गया है। बैठक में सीडीओ हाकिम सिंह, ईओ बीना सिंह, अधिशाषी अभियंता विद्युत संजय सिंह, सुभाष चंद्र शुक्ल समेत अन्य विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।