- न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत ने सुनाया फैसला
संतकबीरनगर। न्यायिक मजिस्ट्रेट अशोक कुमार कसौंधन की अदालत ने 35 लाख रुपये चेक बाउंस मामले में दोषी पाए जाने पर राजेश जायसवाल को 35 लाख रुपये व पंद्रह लाख 75 हजार रुपये ब्याज सहित कुल पचास लाख 75 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया है। इसके साथ ही 18 माह कैद की सजा सुनाई है।
अर्थदंड अदा न करने पर दोषी को 6 माह अतिरिक्त साधारण कारावास की की सजा भुगतनी पड़ेगी। पचास लाख रुपये परिवादी को अदा करने के आदेश के साथ ही 75 हजार रुपये राज्य सरकार के खाते में जमा करने का आदेश दिया है।
थाना कोतवाली खलीलाबाद अंतर्गत ग्राम व पोस्ट बड़गो निवासी अमरेश कुमार सिंह पुत्र विद्या सिंह ने अपने अधिवक्ता के माध्यम से आरोपी राजेश जायसवाल शंकर, कांप्लेक्स स्टेट बैंक मुख्य शाखा के सामने बैंक रोड गोरखपुर के विरुद्ध अदालत में परिवाद दाखिल किया और कहा कि आरोपी प्लाट संख्या डी-77 का स्वामी है। प्लाट को व्यापार करने के लिए लिया था, जिसमें व्यापार करने में असफल रहा।
आरोपी ने उपरोक्त प्लाट के विक्रय के लिए परिवादी से बातचीत की। सौदा तय होने के बाद परिवादी और विपक्षी के मध्य एक इकरारनामा चार अक्टूबर 2018 को समक्ष गवाह निष्पादित किया गया। परिवादी ने उपरोक्त प्लाट क्रय करने हेतु आरोपी को 35 लाख रुपये इकरार नामा में वर्णित गवाहों के समक्ष दिया था। उक्त प्लाट की भूमि स्थानांतरित करने के लिए आरोपी ने तीन माह का समय मांगा।
19 अक्टूबर 2020 को परिवादी ने आरोपी से संपर्क करके उक्त धनराशि की मांग की, जिस पर विपक्षी द्वारा अपने ऋण के दायित्व से उनमोचन के लिए अपने बैंक खाता से एक चेक शाखा सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया टैगोर ट्रांसपोर्ट नगर गोरखपुर का दिया गया। परिवादी ने इस चेक को 21 अक्टूबर 2020 को बैंक में जमा किया। खाते में पर्याप्त धनराशि न होने के कारण चेक बाउंस हो गया था।