संतकबीरनगर। यूपी बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षा के लिए जिले के तीनों केंद्रों को काली सूची में डाल दिया गया है। इन केंद्रों को अगले तीन वर्ष तक परीक्षा केंद्र नहीं बनाया जाएगा। माध्यमिक शिक्षा परिषद इलाहाबाद से काली सूची में शामिल कॉलेजों का नाम डीआईओएस कार्यालय को भेज दिया गया है। इस कार्रवाई की जानकारी से संबंधित कॉलेजों के प्रबंध तंत्र की मुश्किल बढ़ा दी है।
माध्यमिक शिक्षा परिषद ने नकल कराने वाले विद्यालयों को परीक्षा केंद्र पर कड़ाई शुरू की है। पिछले वर्ष जिन विद्यालयों पर सामूहिक नकल की सूचना मिली थी तो उन विद्यालयों की परीक्षा निरस्त कर दी गई थी। प्रबंध तंत्र विद्यालयों को काली सूची से हटाने के लिए डीआईओएस कार्यालय से लगायत बोर्ड का चक्कर काटते रहे हैं, लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली। डीआईओएस कार्यालय को बोर्ड मुख्यालय ने जो सूची भेजी है, उसमें जिले के तीन विद्यालयों को डिबार घोषित कर दिया है। बोर्ड ने कहा है कि यह विद्यालय किसी भी दशा में परीक्षा केंद्र नहीं बनेंगे। पिछले सत्र की परीक्षा में जनपद मेें कुल 103 विद्यालयों को परीक्षा केंद्र बनाया गया था। नकल रोकने के लिए बोर्ड इस बार सख्त कदम उठा रहा है। बोर्ड ने साफ कर दिया है कि जिन विद्यालयों को डिबार घोषित किया जा रहा है, उन्हें किसी भी हालत में परीक्षा केंद्र न बनाया जाए। इस संबंध में डीआईओएस शिव कुमार ओझा ने बताया कि बोर्ड ने जनपद के तीन विद्यालयों को डिबार घोषित किया है, साथ ही यह भी निर्देश दिया है कि इन विद्यालयों को परीक्षा केंद्र नही बनाया जाएगा। हर हाल में बोर्ड के निर्देशों का पालन किया जाएगा।
डिबार घोषित हुए कॉलेज
1-राष्ट्रीय इंटर कॉलेज, बौरब्यास
2-सीताराम कौशिल्या देवी इंटर कॉलेज, देवलसा
3-पंडित दीनदयाल उपाध्याय बालिका इंटर कॉलेज, कोनी