संतकबीरनगर। जिले के 135 स्कूली बसों की फिटनेस नहीं हो पाई है। इसके लिए एआरटीओ की तरफ से तीन बार रिमाइंडर भेजा जा चुका है। यही नहीं डीएम के साथ स्कूल संचालकों की बैठक भी हुई, लेकिन संचालकों ने स्कूल वाहन के कागजात सही कराने में रुचि नहीं दिखाई। अब परिवहन विभाग ने अंतिम चेतावनी दी है। इसके बाद इन वाहनों का पंजीकरण निलंबित कर दिया जाएगा।
विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर शासन के कड़े रूख के बाद भी स्कूल संचालक बेपरवाह बने हुए हैं। मई माह में ही स्कूल बंद होने के बाद से ही एआरटीओ की तरफ से स्कूल वाहन के फिटनेस, परमिट व अन्य कागजात सही कराने के लिए स्कूल संचालकों से अपील करने के साथ ही नोटिस दिया गया। यही नहीं अवकाश के दिन भी कार्यालय को खोलकर कागजात सही किया गया। इसके बाद भी तमाम स्कूल संचालकों ने अपने वाहन के कागजात सही कराने में रूचि नहीं दिखाया।
इतना ही नहीं डीएम की अध्यक्षता में स्कूल संचालकों की बैठक हुई। बैठक में उच्चाधिकारियों ने संचालकों को स्कूल परिसर में वाहन के पार्किंग, आराम कक्ष, चालक व परिचालक के वर्दी आदि के बारे में आदेश दिए गए। साथ ही सभी संचालकों को स्कूल वाहन का फिटनेस, परमिट व अन्य कागजात सही कराने के लिए निर्देश दिया गया। एआरटीओ कार्यालय की मानें तो अभी तक संचालकों को तीन बार रिमाइंडर कागजात सही कराने के लिए भेजा गया है।
इसके बावजूद 135 स्कूल वाहन के पेपर अभी तक नहीं सही हुए। एआरटीओ की तरफ से स्कूल संचालकों को अंतिम चेतावनी पत्र जारी किया जा रहा है। इसके बाद भी स्कूल वाहन के प्रपत्र यदि सही नहीं कराया जाता है तो वाहन का पंजीयन निलंबित दिया जाएगा।
कोट
जनपद में 135 स्कूल वाहन के प्रपत्र अभी भी सही नहीं हुए हैं। सभी स्कूल वाहन संचालक अपने वाहन के कागजात सही करा लें, नहीं तो संबंधित वाहन का पंजीयन निलंबित कर दिया जाएगा। जिसके जिम्मेदार वह खुद होंगे।
-प्रियंवदा सिंह, एआरटीओ