पति ने बताया कि प्रसव पीड़ा होने के बाद उसने 20 मार्च को दोपहर मोहल्ला कृष्णा कुंज कॉलोनी में संचालित निजी अस्पताल में भर्ती कराया था। अस्पताल स्टाफ ने पहले तो नॉर्मल डिलीवरी करने की बात कही। बाद में नॉर्मल डिलीवरी को मना करते हुए शाम करीब साढ़े छह बजे ऑपरेशन कर दिया। इसके बाद जब पत्नी की हालत बिगड़ी, तो पत्नी को रात करीब साढ़े दस बजे रेफर कर दिया। अस्पताल कर्मी की ओर से ही पत्नी को संभल के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। बाद में वह वहां से भी भाग आया। इस बीच पत्नी ने दम तोड़ दिया। प्रसूता के परिजनों ने हंगामा शुरू कर दिया। सीओ डॉ. प्रदीप कुमार सिंह व कोतवाल विनोद कुमार मिश्रा ने भी मौके पर जांच-पड़ताल कर जानकारी जुटाई। साथ ही फील्ड यूनिट ने भी अस्पताल से घटना के साक्ष्य जुटाए। बाद में सीएचसी प्रभारी सचिन वर्मा ने पुलिस की मौजूदगी में अस्पताल की ओटी को सील कर दिया गया।
बच्चों के पालन पोषण पर रहेगा संकट
चेतराम ने बताया कि पत्नी ने बेटी को जन्म दिया। उसके दो बेटी व एक बेटा पहले से ही है। पत्नी की मौत के बाद अब इन बच्चों के पालन पोषण पर संकट रहेगा। इस बीच परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल रहा।
कोट
- मौके पर पहुंचकर घटना की जांच पड़ताल की गई। फील्ड यूनिट ने भी घटना के साक्ष्य जुटाए हैं। तहरीर मिलने पर घटना की रिपोर्ट दर्ज की जाएगी।-
डॉ. प्रदीप कुमार सिंह, सीओ, सर्किल बहजोई।
- प्रसव के दौरान हालत बिगड़ने के बाद महिला की मौत के मामले में जांच-पड़ताल के बाद अस्पताल की ओटी सील कर दी गई है। घटना की तहरीर पुलिस को दी जाएगी।-
डॉ. सचिन वर्मा, सीएचसी प्रभारी, बहजोई