नरौरा बांध से निकलता गंगा नदी का पानी।
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पर्वतीय इलाकों में बरसात रुकने के बाद एक सप्ताह से उफान पर चल रही गंगा नदी का जलस्तर कम होने लगा है। बुधवार की शाम को चौधरी चरण सिंह गंगा बैराज नरौरा से मंगलवार की अपेक्षा जलस्तर में कमी आई जिससे जुनावई के बाढ़ प्रभावित गांव रघुपुर पुख्ता में बह रहे गंगा के पानी में भी कमी आई पानी घटने के बाद प्रशासन ने भी राहत की सांस ली है।
पहाड़ों पर बारिश रुकने के बाद हरिद्वार बांध से बुधवार को 46523 क्यूसेक एक प्रति सेकंड की दर पानी छोड़ा गया। जबकि बिजनौर बांध से 70561 क्यूसेक प्रति सेकंड से पानी छोड़ा गया। जिसका असर नरौरा बांध पर देखा गया और बुधवार को नरौरा बांध से 136091 क्यूसेक प्रति सेकेंड की दर से पानी छोड़ा गया। जिसमें 132059 क्यूसेक पानी गंगा की मुख्यधारा में चल रहा है।
नरौरा में गंगा नदी का जलस्तर 178.10 मीटर है जोकि खतरे के निशान से 66 सेंटीमीटर नीचे है। नरौरा बांध से कम हुए जल स्तर के बाद जुनावई क्षेत्र के रघुपुर पुख्ता गांव चल रहे पानी का बहाव कम हो गया और गांव में चार फीट के स्थान पर ढाई फीट पानी रह गया है।
जो स्कूल वाली गली में चल रहा है। पानी के कम होने के बाद ग्रामीणों को बेशक राहत की खबर मिली हो लेकिन अपनी फसलों को देखने के लिए खेतों में जाने वाले किसानों की मुसीबत अब भी बरकरार है। जिन्हें अपने खेतों तक पहुंचने के लिए पानी से होकर गुजरना पड़ रहा है।
और पशुओं को चारा लाने के लिए पानी में घुसकर चारा काटना पड़ रहा है। वहीं, खंड विकास अधिकारी जयंती प्रसाद गुप्ता ने ब्लॉक से तीन कर्मचारियों को रघुपुर पुख्ता गांव भेजा। जहां उन्होंने ग्रामीणों से उनकी समस्या के बारे में पूछा और उसे नोट कर के अधिकारियों को अवगत कराया।